डॉक्टरों के विलंब से पहुंचने पर मरीज परेशान
अप्रैल से सितंबर तक आठ बजे से दो बजे तक है ओपीडी का समय
अस्पताल में कही नहीं लगा है ओपीडी की समय सारिणी का बोर्ड
संवाद न्यूज एजेंसी
हाटा। ओपीडी संचालन में हाटा सीएचसी में मनमानी देखने को मिल रहा है। शासन की ओर से तय समय से ओपीडी शुरू न कर डॉक्टर अपने मन से ओपीडी संचालित कर रहे हैं। सुबह आठ बजे से दोपहर दो बजे तक सरकारी अस्पतालों में ओपीडी संचालित करने का समय मुकर्रर है, लेकिन यहां के डॉक्टर दस बजे पहुंच रहे हैं। इससे लेकर मरीजों को काफी दिक्कतें हो रही हैं।
बृहस्पतिवार को हाटा सीएचसी में नौ बजे तक ओपीडी के कमरे नहीं खुले थे। यहां दो महिला डॉक्टरों सहित कुल आठ डॉक्टर तैनात हैं। सिर्फ एक डॉक्टर अपने कक्ष में बैठे थे, लेकिन पर्ची काउंटर बंद था। बताया गया काउंटर दस बजे खुलता है और डॉक्टर भी दस बजे ही अपने कक्ष में आते हैं। जबकि शासन की ओर से ओपीडी की समय सारिणी अप्रैल से सितंबर तक आठ बजे से दस बजे तक तय है। बृहस्पतिवार को अस्पताल में बैठकर डॉक्टरों का इंतजार कर रहे मरीजों ने अपनी परेशानी जाहिर की। विशुनपुरा गांव के रहने वाले गोविंद की तबियत खराब थी। उन्होंने बताया कि वह डॉक्टर को दिखाने आए हैं। साढ़े आठ बजे से वह आकर बैठे हैं। पर्ची काउंटर बंद है। डॉक्टर भी अभी नहीं आए हैं। दस बजे तक इंतजार करने को कहा जा रहा है। ढाढ़ा चीनी मिल के कर्मचारी जनार्दन यादव भी काफी देर से डॉक्टर का इंतजार कर रहे थे। उन्होंने कहा कि साढ़े नौ बज गए हैं, लेकिन अभी पर्ची नहीं बन रही है। लापरवाही यहां तक है कि पूरे परिसर में कहीं भी ओपीडी का समय सारिणी बताने वाला कोई बोर्ड नहीं लगा है। इससे मरीजों को समय की जानकारी नहीं हो पा रही है। इस संबंध में सीएमओ डॉ. सुरेश पटारिया ने बताया कि इस माह तक अभी ओपीडी का समय आठ बजे से दो बजे तक है। अगर समय से डॉक्टर ओपीडी में नहीं पहुंच रहे हैं तो यह गंभीर मामला है। जांच की जाएगी। दोषी लोगों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी होगी।