दो साल पहले खुदकुशी करने वाले लवकुश की पत्नी रंजीता को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। रंजीता का प्रेमी पहले ही जेल भेजा जा चुका है। दो साल तक तकनीकी साक्ष्य संकलित करने के बाद पुलिस ने घटना का खुलासा किया। इस दौरान तीन थानेदार भी बदले गए, लेकिन किसी ने खुलासे की जहमत नहीं उठाई।
पश्चिमशरीरा निवासी लवकुश की एक अक्तूबर 2020 को संदिग्ध हालत में मौत हो गई थी। मामले में लवकुश के पिता मोतीलाल ने लवकुश की पत्नी रंजीता व रामचंद्र के खिलाफ बेटे को आत्महत्या के लिए विवश करने की धारा में केस दर्ज कराया। बताया कि रंजीता व रामचंद्र के अवैध संबंध से आजिज आकर लवकुश ने खुदकुशी की। पुलिस ने दो अक्तूबर 2020 को दोनों आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं होने के कारण विसरा जांच के लिए भेजा गया। इन दो वर्षों में पश्चिमशरीरा कोतवाली में सर्वेश सिंह, संजय व रोशनलाल कोतवाल रहे। लेकिन किसी ने वारदात के खुलासे को लेकर दिलचस्पी नहीं दिखाई। नतीजतन थाने के अपराध रजिस्ट्रर में क्राइम नंबर 371 धारा 306 लंबित चल रहा था। इस कारण थानेदारों को अफसरों का फटकार भी पड़ती रही। मौजूदा थानाध्यक्ष भवानी सिंह ने मामले में दिलचस्पी दिखाई। थानाध्यक्ष का कहना है विसरा रिपोर्ट में जहर से मौत की बात सामने आई थी।
इस पर पिछले दिनों उन्होंने रामचंद्र को हिरासत में लिया। उसने जुर्म कुबूल कर लिया। बताया कि लवकुश की पत्नी से उसकी नजदीकी थी। इसका लवकुश विरोध करता था। रंजीता कुछ दिन रामचंद्र के साथ भी रही। इस पर लवकुश ने खुदकुशी कर ली। पुलिस ने रामचंद्र को जेल भेजने के बाद बुधवार को रंजीता को भी गिरफ्तार कर चालान न्यायालय भेज दिया।