शुक्रवार की रात हुई झमाझम बारिश से नगरों, गांवों में जलभराव की समस्या पैदा हो गई है। दर्जनों गरीबों के कच्चे घर भरभराकर ढह गए हैं। मलबे में दबने से एक वृद्ध की मौत हो गई। हजारों की गृहस्थियां दबकर नष्ट र्र्हुईं। उधर, जलभराव के कारण नालियों का गंदा पानी लोगों के घरों में घुस रहा है। ऐसे में लोग खासा परेशान हैं।
सिराथू तहसील क्षेत्र के शहजादपुर गांव निवासी रमेश सरोज (55) खेती किसानी कर परिवार का भरण पोषण करता था। शुक्रवार की रात वह घर पर ही सो रहा था। बारिश के चलते घर में आई सीलन से दीवार आ गिरी। मलबे में दबने से रमेश सरोज जख्मी हो गया। उसे जब तक मलबे से बाहर निकाला जाता, तब तक रमेश की मौत हो चुकी थी।
सूचना पर नायब तहसीलदार लेखपाल व कोखराज पुलिस के साथ पहुंचे। छानबीन करते हुए कोरम पूरा किया और पंचनामा भर पुलिस से लाश को पीएम के लिए भेजवाया। रमेश सरोज की मौत से परिजनों में कोहराम मचा है। इसी तरह कोर्रों गांव में बिजली गिरने से केशचंद्र प्रजापति की भैंस की मौत हो गई। जानकारी होने पर परिजनों सहित मोहल्ले के लोगों में हड़कंप मच गया।
वहीं बारा हवेली खालसा गांव में रज्जन सरोज का कच्चा मकान भरभराकर बैठ गया। सोनारन का पूरा गांव में चित्ररेखा का कच्चा मकान बारिश से ढह गया। दौलतपुर कसार में कलावती देवी की कच्ची छत धंस गई। इसी तरह भरसवां और उमरा गांव में भी दर्जनों लोगों के कच्चे मकान ढह गए हैं। सिराथू के धुमाई का मजरा मुराइन का पुरवा गांव में विजय कुमार लोधी का कच्चा मकान भरभराकर बैठ गया। हालांकि मलबे की चपेट में न आने से कोई हताहत नहीं हुआ है।
देवीगंज में गिरा पीपल का पेड़, बाधित रहा आवागमन
देवीगंज बाजार में सैनी रोड़ पर बारिश और आंधी के चलते बीच सड़क पर पीपल का पेड़ गिर गया। जिससे घंटों आवागमन बाधित रहा। जानकारी होने पर कड़ाधाम इंस्पेक्टर चंद्रभूषण मौर्य पहुंचे और सड़क से पेड़ को हटवाते हुए आवागमन शुरू कराया। इसी तरह भानीपुर गांव में पूर्व जिला पंचायत सदस्य अशोक गौतम के घर के पास महुआ का पेड़ भी शुक्रवार रात गिर गया। हालांकि पेड़ गिरने से कोई हताहत नहीं हुआ है।
तिल, मूंग, उर्द की फसलों का नुकसान, पिछड़ी रबी की बुवाई
शुक्रवार को पूरी रात झमझम बारिस हुई। बारिस के कारण खेतों में पानी भर जाने से तैयार खड़ी तिल, मूंग व उर्द की फसलों के खराब होने का खतरा बढ़ गया है। किसान बबूल सिंह, श्रवण, शंभू, धतुरहा, ब्रह्मदत्त, रज्जन चौरसिया, रमाकांत, शिवमूरत आदि ने बताया कि खरीफ की दलहन व तिलहन की फसल तैयार खड़ी है, जो बारिश से खराब हो जाएगी। रात में तेज गरज चमक के साथ जबरदस्त बारिश से खरीफ की फसल को तो भारी नुकसान हुआ ही है। साथ ही रबी की फसल भी पिछड़ जाएगी। क्योंकि पितरों से चना, लाही की बुआई शुरू हो जाती थी। लेकिन अब 15 दिन बुआई नहीं हो पाएगी।
Then came the rain of calamity: kutcha houses collapsed, old man died- फोटो : KAUSHAMBI
Then came the rain of calamity: kutcha houses collapsed, old man died- फोटो : KAUSHAMBI