रामलीला कमेटी के पदाधिकारियों ने नागरिकों के साथ कोतवाली का घेराव किया। नारेबाजी सुनकर पहुंची पुलिस ने समझा बुझाकर किसी तरह मामला शांत किया। पालिका अध्यक्ष वीरेंद्र फौजी के खिलाफ जमकर नारे लगाए। उन्हें राम विरोधी बताया।
रामलीला मैदान की सफाई न होने को लेकर शनिवार को शुरू हुआ विरोध प्रदर्शन रविवार को और उग्र हो गया। रामलीला कमेटी के पदाधिकारियों ने पालिकाध्यक्ष पर राम विरोधी होने का आरोप लगाते हुए कोतवाली का घेराव किया और जमकर नारेबाजी की।
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रामलीला कमेटी के पदाधिकारियों ने नागरिकों के साथ कोतवाली का घेराव किया। नारेबाजी सुनकर पहुंची पुलिस ने समझा बुझाकर किसी तरह मामला शांत किया। पालिका अध्यक्ष वीरेंद्र फौजी के खिलाफ जमकर नारे लगाए। उन्हें राम विरोधी बताया। करीब आधे घंटे तक कोतवाल और प्रदर्शनकारियों के बीच बातचीत हुई। यहां तक की पदाधिकारियों ने दुर्गा पूजा और रामलीला के कार्यक्रम के आयोजन कराने से मना कर दिया है। शहर कोतवाल राजकिशोर ने किसी तरह सभी को समझाकर शांत कराया।
उधर इस संबंध में पालिका अध्यक्ष वीरेंद्र फौजी ने रामलीला कमेटी के अध्यक्ष व भाजपा के जिला उपाध्यक्ष बच्चा पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है। पालिकाध्यक्ष ने कहा कि दलाली करके भाजपा उपाध्यक्ष की मांगे ना पूरी करने के कारण या सब विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं।