टीबी का खत्मा करने के लिए जिले में अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान को अंजाम तक पहुंचाने के लिए 1022 निक्षयमित्र 2044 मरीजों का ध्यान रख रहे हैं। अधिकारी समेत अन्य लोग पोषण पोटली देकर टीबी मरीजों की मदद कर जिले को टीबी मुक्त करने की पहल में जुटे हैं।
जिले में इस समय 2044 टीबी मरीज हैं जिनमें 112 मरीज एमडीआर (मल्टी ड्रग रेजिस्टेंट) टीबी से ग्रसित हैं। इनकी देखभाल और उपचार के लिए 1022 निक्षयमित्र सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं। ये निक्षयमित्र मरीजों को नियमित पोषण पोटली, दवाएं और स्वास्थ्य परामर्श उपलब्ध करा रहे हैं। अधिकारियों के अनुसार, अभियान के तहत न केवल मरीजों का उपचार किया जा रहा है बल्कि गांव-गांव में टीबी से बचाव के लिए जागरूकता फैलाने पर भी जोर दिया जा रहा है।
लक्ष्य है कि तय समय सीमा में पूरा जिला टीबी मुक्त घोषित किया जा सके। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य टीमों की सक्रियता और जनप्रतिनिधियों, स्वयंसेवी संगठनों व आम नागरिकों का सहयोग इस मुहिम को गति दे रहा है। स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि सामूहिक प्रयास से यह लक्ष्य जल्द ही हासिल किया जा सकता है।