कानपुर आए डीजीपी मुकुल गोयल ने पुलिस कमिश्नरी और कानपुर रेंज के अफसरों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि साइबर अपराध अब चुनौती बनता जा रहा है। एक्सपर्ट की मदद से पुलिस को हाईटेक होना पड़ेगा। इसलिए विशेषज्ञों की पहचान कर साइबर सेलों में तैनात करें। एक-एक शिकायत पर कार्रवाई कर साइबर अपराधियों पर नकेल कसें।
महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों पर होने वाले अपराधों पर तत्काल कार्रवाई करें। लापरवाही बरती तो कप्तान जिम्मेदार होंगे। आउटर के थाना क्षेत्रों में हो रही घटनाओं पर भी डीजीपी ने नाराजगी जताई। डीजीपी ने कहा कि किसी भी केस की मजबूत पैरवी के लिए पुख्ता साक्ष्य की जरूरत होती है। ये साक्ष्य तभी मिलेंगे, जब विवेचना ढंग से की जाएगी।
इसलिए मामलों में वैज्ञानिक साक्ष्यों को प्राथमिकता पर जुटाएं। गवाह खोजें और दस्तावेज संबंधी साक्ष्य हों तो वे भी जांच में शामिल करें। ये अपराधियों को सजा दिलाने में कारगर होंगे। कानपुर आउटर को लेकर डीजीपी ने कहा कि यहां अपराध अधिक हो रहा है। मतलब पुलिस की सक्रियता कम है। आम जनता की सुनवाई करें। समय पर दफ्तर पहुंचे।