इनके कब्जे से नकदी, मोबाइल, पुलिस की टोपी और अन्य सामान बरामद हुआ था। जीआरपी दरोगा अब्बास हैदर ने बताया कि पिछले सप्ताह ये आपस में टोपी छिपाकर रखने की बात कर रहे थे, तभी सिपाहियों को सुनाई पड़ा तो आशंका हुई और हत्थे चढ़ गए।
एस्कार्ट में चलने वाला अंतरराज्यीय गिरोह करता था चोरी
बता दें कि कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर जीआरपी ने खाकी वर्दी पहनकर लूटपाट करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह के पांच सदस्यों को बुधवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। ये वर्दी पहनकर ट्रेनों और प्लेटफार्मों पर चेकिंग करते थे। कीमती वस्तुएं पार कर देते थे।
आरोपियों में शामिल हैं कई हिस्ट्रीशीटर
पुलिस ने लूट के सामान के साथ ही पुलिस ड्रेस, यूपी पुलिस का मोनोग्राम वाली टोपी समेत अन्य वस्तुएं भी बरामद की हैं। पकड़े गए लुटेरों में हिस्ट्रीशीटर शामिल हैं। इन पर पहले से कई मुकदमे चल रहे हैं। इन लुटेरों के पास से ब्लेड, नकदी, मोबाइल और अन्य सामान मिला है।
जीआरपी प्रभारी आरके द्विवेदी ने बताया कि वाराणसी के भेलूपुर निवासी संतोष पांडेय, कानपुर नगर के हरबंशमोहाल निवासी जुगल किशोर विश्वकर्मा, बिहार के आरा रोड, विक्रमगंज, रोहतास निवासी सुशील सिंह, वाराणसी के सारनाथ, लेढ़ूपुर निवासी सुरेश सिंह और सुल्तानपुर के दरियापुर निवासी निजाम कुरैशी को पकड़ा गया है।