गांव की यादें, मित्रों का प्यार, परिजनों का दुलार समेटे राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद सोमवार सुबह 10:26 कानपुर सेंट्रल स्टेशन से लखनऊ चले गए। अपना तीन दिवसीय कानपुर नगर और कानपुर देहात का दौरा पूरा करने के बाद वे दि रॉयल प्रेसिडेंशियल महाराजा एक्सप्रेस ट्रेन से रवाना हुए।
प्रोटोकॉल के तहत स्टेशन अधीक्षक अनिल तिवारी ने राष्ट्रपति से ट्रेन में बैठने की गुजारिश की। ट्रेन के गार्ड जीके वर्मा ने उनसे ट्रेन ले चलने की सांकेतिक अनुमति मांगी और चालक राजेश कुमार को हरी झंडी दिखाकर ट्रेन को बढ़ाने के निर्देश दिए।
सख्त सुरक्षा में राष्ट्रपति ने स्वीकारा अभिवादन, बोले फिर मिलेंगे
बेहद सख्त सुरक्षा घेरे में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, अपनी पत्नी सविता कोविंद, पुत्री समेत रेलवे के अफसरों के साथ कानपुर सेंट्रल स्टेशन पहुंचे। कैंट साइड में पोर्टिको से अंदर प्लेटफार्म नंबर एक पर जाते हुए रेलवे अधिकारियों से मिले। कोच में चढ़कर गेट पर खड़े होकर सभी का अभिवादन स्वीकार किया, फिर मिलेंगे कहकर मुस्कुराए और अंदर चले गए।
ट्रेन ठीक 10:26 बजे चली और कुछ सेकेंड के लिए रुक गई और दोबारा चल पड़ी। इसके 15 मिनट पहले ही प्रेसिडेंशियल ट्रेन की संरक्षा-सुरक्षा के लिहाज से पायलट ट्रेन लखनऊ के लिए चला दी गई थी। उनके साथ कैबिनेट मंत्री सतीश महाना, उत्तर मध्य रेलवे के जीएम वीके त्रिपाठी, एनआर के जीएम आशुतोष गंगल, मुरादाबाद के डीआरएम तरुण प्रकाश और कानपुर सेंट्रल के डिप्टी सीटीएम हिमांशु शेखर उपाध्याय लखनऊ तक गए।