एसीपी सीसामऊ निशंक शर्मा ने बताया कि महिला को गिरफ्तार किया गया था। उसके बयान भी दर्ज किए गए हैं। विवेचना जारी है। बता दें कि आरोपी महिला पर पीड़िता को धमकाने, साक्ष्य मिटाने और तथ्य छिपाने का आरोप है। पूछताछ में महिला ने आरोपों को नकारा लेकिन पीड़िता ने अपने बयानों में उसकी भूमिका बताई थी।
तह तक जाएगी पुलिस, बड़ी कार्रवाई संभव
यतीमखाना से जुड़े रहे पूर्व पदाधिकारियों की तरफ से कुछ प्रार्थना पत्र पुलिस को दिए गए हैं। इसमें यतीमखाना प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। पुलिस ने जांच में सभी आरोपों को शामिल किया है।
ये है पूरा मामला
यतीमखाना में रह रही 16 वर्षीय किशोरी ने 14 अगस्त की रात हाथ की नस काट ली थी। इसी दौरान उसने बताया था कि नाला रोड निवासी दंपति महबूब व उनकी पत्नी शाहजहां 2015 में उसको बांदा के यतीमखाना से गोद लेकर आए थे। उनके बेटे सऊद व दाउद ने दो वर्षों तक दुष्कर्म किया था।
परिजनों को जानकारी होने पर 2019 में कर्नलगंज में स्थित यतीमखाना में उसको डाल दिया था। आरोपी सगे भाइयों को पुलिस ने बुधवार को जेल भेज दिया था। शाहजहां को भी पुलिस ने आरोपी बनाया है। उसे जेल भेजा गया था, हालांकि थाने से जमानत मिल गई है।