इसके बाद गला घोंटकर हत्या कर दी और शव को बोरे में भरकर दुकान के नीचे स्थित शराब के गोदाम में फेंक दिया। गुरुवार को पवन ने अपने बड़े भाई महेंद्र को कॉल आपबीती बताई और चार पांच लोगों के साथ दुकान पर आकर शव को ठिकाने लगाने की बात कही।
इसके बाद महेंद्र ने दुकान के मैनेजर अंकुर सिंह को कॉल कर पूरी घटना क्रम बताई। शुक्रवार सुबह महेंद्र और दुकान का मैनेजर पुलिस टीम के साथ दुकान पहुंचा। पुलिस को भाई के साथ देख पवन भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने उसे दबोच लिया।
आरोपी ने पूछताछ में वारदात कबूल की है। इधर हत्या की सूचना पर फोरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे एसीपी कल्याणपुर एके शुक्ला ने जांच पड़ताल कर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
आज नहीं हो सका पोस्टमार्टम
पुलिस शव को लेकर पोस्टमार्टम पहुंच गई, लेकिन देर शाम तक मृतका के परिजन पोस्टमार्टम हाउस नहीं पहुंचे। लिहाजा पोस्टमार्टम नहीं हो सका।
बड़े भाई को छोटी बेटी दी थी गोद तो शुरू हुआ था विवाद
महेंद्र ने बताया कि उनकी कोई औलाद नहीं है। लिहाजा पवन ने अपनी छोटी बेटी को उन्हें गोद दिया था, जिसके चलते पवन और उसकी पत्नी में विवाद शुरू हो गया था। हाल ही में शिबा मायके से पवन के पास आई थी। जहां दोबारा इसी बात को लेकर विवाद शुरू हो गया। इसके बाद पवन ने शिबा को मौत के घाट उतार दिया।
तुम्हारे अकेले के बस की बात नहीं है भाई
महेंद्र ने बताया कि पवन ने उन्हें कॉल कर कहा था कि चार पांच लोगों के साथ आना। तुम्हारे अकेले के बस की बात नहीं है। रोज रोज का झगड़ा ही खत्म कर दिया। मार दिया शिबा को। पवन की बात सुनकर वह डर गए। पूरे परिवार को फंसता देख उन्होंने ठेके के मैनेजर को कॉल किया। इसके बाद थाने पहुंचकर घटना की जानकारी दी।
आरोपी पति को गिरफ्तार कर पूछताछ की जा रही है। प्राथमिक जांच में पता चला कि पवन के बड़े भाई की कोई औलाद नही थी। जिसके चलते पवन ने अपनी बेटी को उसे गोद दे दिया था। इसे लेकर आए दिन दंपती में विवाद होता था। मामले की जांच की जा रही है। पूछताछ के बाद ही स्थिति साफ हो पाएगी। -एके शुक्ला, एसीपी कल्याणपुर