कानपुर में मतगणना स्थल पर मंगलवार की शाम एक अधिवक्ता भीतर तक पहुंच गया। पुलिसकर्मियों ने उसे तुरंत पकड़ लिया और शांतिभंग के तहत कार्रवाई की। फिलहाल ऐसा कोई सुबूत नहीं मिला है कि वह गड़बड़ी करने आया हो।
अधिवक्ता का दावा है कि वह सपाइयों के साथ वहां आया था। बैरिकेडिंग पार कर भीतर चला गया। इसमें पांच पुलिसकर्मियों की लापरवाही सामने आई है। उन पर कार्रवाई तय है। मंगलवार शाम जब मतगणना स्थल पर सपाई जुटे थे, उसी दौरान एक शख्स भीतर दाखिल हो गया।
पुलिस की पूछताछ में पता चला कि उसका नाम अरविंद कुरील है और वह चकेरी के शिवकटरा का रहने वाला है। पेशे से अधिवक्ता है। इसे लेकर भी सपाइयों ने सवाल खड़े गए। पुलिस कमिश्नर विजय सिंह मीणा का कहना है कि जांच में स्पष्ट साफ हुआ है कि बैरिकेडिंग के पास थोड़ी जगह खाली थी, वहां से अरविंद भीतर दाखिल हो गया था। उस पर शांतिभंग के तहत कार्रवाई की गई। अभी तक की जांच में किसी तरह की गड़बड़ी करने की मंशा उसकी सामने नहीं आई है।
एसीपी को सौंपी जांच, सुरक्षा बढ़ाई
जहां से अरविंद मतगणना स्थल पर दाखिल हुआ था, वहां चार से पांच पुलिसकर्मियों की ड्यूटी थी। इन सभी के खिलाफ जांच शुरू हुई है। जांच एसीपी गोविंदनगर को सौंपी गई है। जांच पूरी होने के बाद इन पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की जाएगी। उधर मतगणना स्थल की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। भीतर फोर्स की तैनाती पहले से दोगुना की जाएगी। मंगलवार शाम से ही एक एसीपी रैंक के अफसर को वहां का प्रभारी बनाकर ड्यूटी लगा दी गई है। मतगणना होने तक वह वहां तैनात रहेंगे।
भीतर दाखिल होने वाले शख्स पर कार्रवाई की गई है। उससे पूछताछ की जा रही है। लापरवाही बरतने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ जांच कराई जा रही है। - विजय सिंह मीणा, पुलिस कमिश्नर