कानपुर देहात। जिला प्रशासन की ओर से डेंगू व बुखार की रोकथाम के लिए नागरिकों से घर के गमले, कूलर, मटका, ड्रम, टायर आदि में पानी एकत्र न होने देने की अपील की गई है। इसके बावजूद लोग इसका पालन नहीं कर रहे हैं।
इस पर स्वास्थ्य टीमों ने अभियान चलाकर घरों में जांच की। इस दौरान पात्रों में पानी एकत्र मिलने पर ऐसे 50 लोगों को चिह्नित कर नोटिस जारी किया गया है। प्रशासन की कार्रवाई से अब लोगों में हड़कंप मचा है।
मानसूनी बारिश के बाद जलभराव व गंदगी से नगर से लेकर गांवों तक डेंगू व बुखार ने पांव पसार लिए। हालत यह है कि अस्पतालों में बेड फुल होने से मरीज झोलाछाप से इलाज कराने के लिए मजबूर हो रहे हैं।
अब तक जिले में डेंगू व बुखार से 28 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं स्वास्थ्य टीमों की कवायद मीडिया से मिली सूचनाओं पर सिर्फ दवा छिड़काव तक ही सिमट कर रह जाती है। डेंगू व बुखार के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह ने घर के किसी भी पात्र में पानी एकत्रित नहीं होने देने की चेतावनी जारी की है।
गुरुवार को स्वास्थ्य टीमों ने जिलेभर में विशेष अभियान चलाकर घर के पात्रों में पानी एकत्रित करने वाले लोगों को चिह्नित किया। इनमें राजपुर, सिकंदरा, रनियां, डेरापुर, शिवाजी नगर, तिंगाई, अमरौधा, चांदपुर समेत जनपद निवासी 50 लोगों के घर में पानी एकत्रित पाया गया। इस पर सभी को नोटिस जारी किया गया है। डीएम ने लोगों को सचेत रहने के निर्देश जारी किए हैं।
डेंगू पॉजिटिव मिलने पर संबंधित जगह स्वास्थ्य टीमों को भेजकर अन्य लोगों का सैंपल लेने के साथ दवा वितरण कराया जा रहा है। लोगों को बीमारी से बचाव के प्रति जागरूक किया जा रहा है। बुधवार शाम चार संदिग्धों के सैंपल एलाइजा टेस्ट के लिए कानपुर मेडिकल कॉलेज भेजे गए हैं। - डॉ. एके सिंह, सीएमओ