छिबरामऊ(कन्नौज)। शहर के सौरिख तिराहा पार्क में भगवान बुद्ध की मूर्ति हटवाने में प्रशासन को रातभर कवायद करनी पड़ी। इसके बाद यह रात ढाई बजे हटाई जा सकी। इस बीच बुद्ध अनुयायियों और प्रशासन के बीच करीब 14 घंटे वार्ता चली। अंतिम दौर में मामला निपटा।
पुलिस प्रशासन ने तहसील सभागार में वार्ता के लिए जिला पंचायत अध्यक्ष प्रिया शाक्य के पति ओमकार शाक्य, पूर्व जिला पंचायत सदस्य जितेंद्र शाक्य जीतू, पूर्व ब्लॉक प्रमुख मदन सिंह शाक्य, सभासद पति हरिशरण शाक्य, गौरव शाक्य सहित कुछ लोगों को बातचीत करने और पहल कर बौद्ध अनुयायियों को मनाने के लिए अपने पास रोके रखा। प्रशासन से कई दौर के बाद अंतिम वार्ता कोतवाली में डीएम राकेश कुमार मिश्र और एसपी प्रशांत वर्मा के साथ हुई।
बाद में पुलिस व प्रशासन के साथ शाक्य समाज के अगुवाकार सौरिख तिराहे पर पहुंचे। समाज के लोगों को समझा बुझाकर शांत किया। ओमकार शाक्य ने कहा कि वह शासन स्तर से अनुमति लेकर भगवान बुद्ध की मूर्ति रखवाने का प्रयास करेंगे। इस दौरान नगर पालिका के कर्मचारियों ने भगवान बुद्ध की मूर्ति को नीचे उतार दिया। समाज के लोगों के कहने पर पुलिस ने सौरिख रोड स्थित बुद्ध विहार में मूर्ति को रखवा दिया गया। हालांकि इस दौरान शाक्य समाज के अगुवाकारों को पुलिस हिरासत में लिए जाने की चर्चा बनी रही।
लाइट लगाने पहुंची क्रेन पर भी हुआ था पथराव
सौरिख तिराहे पर उपद्रव के बाद भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया था। रोशनी की पर्याप्त व्यवस्था करने के लिए यहां पालिका की गाड़ी (क्रेन) लाइट लगाने पहुंची। तभी कुछ युवकों ने इस पर पथराव कर दिया। पुलिस को उपद्रवियों को खदेड़ने के लिए लाठियां पटकनी पड़ीं।
पड़ोसी जनपदों से बुलाया गया फोर्स
शहर के सौरिख तिराहे पर उपद्रवियों की ओर से पुलिस और पालिका की टीम पर पथराव के बाद जिले के गुरसहायगंज, तिर्वा, ठठिया, इंदरगढ़, सौरिख, तालग्राम व विशुनगढ़ की फोर्स के अलावा जिले की पीआरवी को बुला लिया गया। इसके बाद भी स्थिति को काबू में न आता देख पड़ोसी जनपद फर्रुखाबाद, कानपुर नगर, कानपुर देहात, औरैया और इटावा का फोर्स बुला लिया गया।
सोशल नेटवर्किंग साइट्स पर पुलिस की नजर
सौरिख तिराहे पर बुद्ध की मूर्ति हटाने को लेकर उपद्रव के बाद पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस की एक टीम सोशल नेटवर्किंग साइट्स पर अफवाह फैलाने वाले युवकों पर नजर बनाए है। इन युवकों को चिह्नित किया जा रहा है। इससे कि इनके खिलाफ कार्रवाई की जा सके।
बवाल के बाद तैनात कर दी गई फायर बिग्रेड
सौरिख तिराहे पर दिन में बवाल के बाद फायर बिग्रेड को बुला लिया गया। यह सौरिख तिराहे पर खड़ी रही। दोपहर ढाई बजे मूर्ति हटाए जाने के बाद भी फायर बिग्रेड खड़ी रही। सुबह हालात सामान्य देख हटा लिया गया।