काली कमाई के कुबेर पीयूष जैन के ठिकानों पर छापे के बाद चर्चा में आए पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के खजांची के रूप में पहचान रखने वाले एमएलसी पंपी जैन (पुष्पराज जैन) आखिरकार घेरे में आ ही गए। कहा जा रहा है कि पंपी को निशाने पर लेकर भाजपा सरकार सपा को काली कमाई वाली पार्टी साबित करने की रणनीति पर काम कर रही है।
इस कार्रवाई से विधानसभा चुनाव में विपक्ष का गणित गड़बड़ा सकता है। शुक्रवार को आयकर की टीम एक तरफ कन्नौज में पुष्पराज जैन के ठिकानों पर जांच पड़ताल कर रही थी तो दूसरी तरफ सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव अपनी पूर्व नियोजित प्रेसवार्ता में योगी सरकार को घेरने की कोशिश कर रहे थे।
कहा जा रहा है कि पंपी जैन के यहां छापों से सपा को बड़ा झटका लगा है। पंपी का कारोबार कानपुर-कन्नौज से लेकर दिल्ली, मुंबई सहित विदेश में भी फैला है। सूत्रों के अनुसार, अखिलेश सरकार में पंपी अपने कारोबार को ऊंचाइयों पर ले गए। इसीलिए सपा प्रमुख इस कार्रवाई के खिलाफ योगी सरकार पर हमलावर हैं।