सराहनीय कार्य
- शिवराजपुर में चलती स्कूल वैन में आग लग गई थी। तभी थाने में तैनात दरोगा ओम प्रकाश व अजीत यादव ने वैन का पीछा कर रुकवाया था। सभी बच्चों को सुरक्षित निकालकर उनकी जान बचाई थी।
यातायात सुधार के खूब प्लान बनें पर अमल न हुआ
- स्कूलों के बाहर छुट्टी के वक्त ट्रैफिक पुलिस के साथ स्थानीय थाना पुलिस की तैनाती। कुछ दिन पुलिस तैनात रही फिर हो गई गायब।
- भौंती फ्लाईओवर पर नौबस्ता के पास एनएचएआई की क्रेन हर वक्त खड़ी करने की योजना अधर में ही रही।
- संबंधित विभागों की समन्वय बनाकर सिटी ट्रांसपोर्ट पॉलिसी को और सशक्त बना ट्रैफिक सिग्नल से लेकर रोड व्यवस्था को पुख्ता करने की योजना।
- शहर में तैनात सभी 65 टीएसआई को अपने-अपने क्षेत्र में पार्क़िं ग के लिए मुफीद जगह तलाशने की जिम्मेदारी दी गई थी जो नहीं निभाई।
- शहर में जरीब चौकी से टाटमिल तक ग्रीन कॉरिडोर बनाया गया था। वह ध्वस्त हो गया। योजना आगे भी नहीं बढ़ी।
- शहर में विजयनगर, बड़ा चौराहा, नरौरा समेत सात चौराहे जाम ने निजात के लिए बनाया गया स्मार्ट चौराहा ध्वस्त।
साल की सबसे बड़ी कार्रवाई
इस साल सबसे बड़ी कार्रवाई सपा विधायक इरफान सोलंकी व उसके भाई रिजवान पर हुई है। आठ नवंबर को नजीर फातिमा ने दोनों पर आगजनी व रंगदारी का केस दर्ज कराया था। इस केस में जब दोनों वांछित थे तब इरफान ने पहचान बदलकर हवाई सफर किया था। जिसके बाद एक के बाद एक केस दर्ज होते गए। डेढ़ महीने में आठ केस विधायक पर दर्ज किए गए। सभी गंभीर मामले हैं। विधायक व रिजवान दोनों सरेंडर कर पहले कानपुर जेल गए। उसके बाद वहां से वह महाराजगंज जेल शिफ्ट किए गए। गैंगस्टर की कार्रवाई हो चुकी है। अभी और शिकंजा कस सकता है।