रूसी वैक्सीन स्पूतनिक निजी क्षेत्र के अस्पतालों में लगाई जा रही है। कोविशील्ड, कोवाक्सिन और कोर्बेवैक्स सरकारी व्यवस्था में निशुल्क लगाई जा रही है। 15 से 17 साल आयु वर्ग के लाभार्थियों के साथ ही बड़ी उम्र के लोगों को कोवाक्सिन लगाई जा रही है।
कोरोना से बचाव के लिए 12 से 14 साल आयु वर्ग के बच्चों को वैक्सीन लगाए जाने का अभियान सोमवार से तेजी पक ड़ेगा। पहले चरण में शासन ने एक लाख 94 हजार लाभार्थियों को वैक्सीन लगाने का लक्ष्य दिया है। वैसे नगर में सवा तीन लाख बच्चों को वैक्सीन लगनी है।
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तीन सेंटरों पर बच्चों को वैक्सीन लगाई जा रही है, लेकिन अब सेंटरों की संख्या बढ़ाई जा रही है। अभी तक तकरीबन सवा सौ बच्चों को वैक्सीन की डोज लगी है। इनमें किसी को कोई दिक्कत नहीं हुई है। सीएमओ डॉ. नैपाल सिंह ने बताया कि स्कूलों में भी सत्र चलाए जाएंगे। इसके लिए स्कूलों के प्रबंधन के साथ भी बैठक की जाएगी।
चार तरह की वैक्सीन की अनुमति
रूसी वैक्सीन स्पूतनिक निजी क्षेत्र के अस्पतालों में लगाई जा रही है। कोविशील्ड, कोवाक्सिन और कोर्बेवैक्स सरकारी व्यवस्था में निशुल्क लगाई जा रही है। 15 से 17 साल आयु वर्ग के लाभार्थियों के साथ ही बड़ी उम्र के लोगों को कोवाक्सिन लगाई जा रही है। वहीं, 12 साल से 14 साल आयु वर्ग के लाभार्थियों को कोर्बेवैक्स लगाई जाती है।
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बूस्टर डोज 96 फीसदी को लगी
साढ़े तीन साढ़े तीन लाख लोगों के सापेक्ष बूस्टर डोज का लक्ष्य 96 फीसदी पूरा हो गया है। यह हेल्थ वर्कर, फ्रंट लाइन वर्कर के साथ ही बुजुर्गों को लगाई गई है। सीएमओ डॉ. नैपाल सिंह ने बताया कि 60 साल से अधिक आयु के लोग किसी भी सेंटर पर जाकर बूस्टर डोज लगवा लें।