कानपुर के गोविंद नगर स्थित शिवानी इन्क्लेव में पड़ी डकैती के बाद अपार्टमेंट में रहने वाले लोग काफी दहशत में हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि बिल्डर ने एक-एक फ्लैट 55 लाख रुपये में बेचा है, लेकिन सुरक्षा के नाम पर कुछ नहीं किया। सोसाइटी के लोगों ने खुद ही गार्ड को अपने खर्चे पर रखा था।
अपार्टमेंट में रहने वाले दीपक राठी, विकास जैन, निशा गुप्ता, शैलेंद्र गुप्ता, आलोक बंधु, एमएल गुप्ता, अशोक गुप्ता व जगदीश गुप्ता ने बताया कि पिछले साल उन्होंने किदवईनगर निवासी बिल्डर अरुण आनंद से ये फ्लैट 55 लाख रुपये में खरीदे थे। उस दौरान बिल्डर ने बोरिंग, लिफ्ट, विद्युत आपूर्ति के लिए ट्रांसफार्मर, सिक्योरिटी गार्ड व सीसीटीवी कैमरे लगाने का वादा किया था, लेकिन आठ माह बीत जाने के बाद भी वादा पूरा नहीं हुआ।
यही नहीं पार्किंग में अवैध रूप से एक फ्लैट भी बनवा दिया। सारे 17 फ्लैटों के मुख्य दरवाजे प्लाई के लगवाए गए हैं जो काफी कमजोर हैं। अपार्टमेंट का मुख्य गेट भी छोटा है। जिसका फायदा उठाकर डकैत गेट फांदकर भीतर दाखिल हो गए और आशा देवी के फ्लैट में धावा बोल दिया। वहीं इस संबंध में बिल्डर का कहना है कि ऐसा मैंने कुछ भी लिखित में नहीं दिया है। फ्लैट बनाकर मैंने सौंप दिया था। कैमरा और सिक्योरिटी गार्ड की जिम्मेदारी फ्लैट में रहने वाले लोगों की होती है। जो बिल्डिंग में रहने वाले लोग एक समिति बनाकर करते हैं।