कन्नौज। जिले में डेंगू एक व बुखार से तीन लोगों की मौत हो गई। जिले में अब तक 60 से अधिक बुखार के चलते अपनी जान गवां चुके हैं। वहीं पिछले दो दिन में 55 डेंगू के नए मरीज निकले। बुखार पर नियंत्रण के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीम गांव-गांव कैंप लगाकर मरीजों को उपचार दे रही है।
शनिवार को सदर कोतवाली क्षेत्र के गांव चौकी मुस्तफा बाद निवासी ठेकेदार मनोज पाल(28) को तीन दिन से बुखार आ रहा था। जांच में डेंगू की पुष्टि होने पर परिजन उन्हें कानपुर के एक निजी अस्पताल ले गए। जहां उपचार के दौरान शुक्रवार मौत हो गई। नादेमऊ चौकीक्षेत्र के गांव भानपुर निवासी बृजेंद्र चौहान होमगार्ड में जवान है। सात अक्तूबर से बुखार आ रहा था। जांच में प्लेटलेट्स कम आई। परिजन आगरा के एक निजी अस्पताल ले गए, यहां से परिजन जयपुर ले जा रहे थे, रास्ते में उनकी मौत हो गई।
इसी तरह जलालाबाद ब्लाक क्षेत्र के गांव पहला निवासी बसंत(5) पुत्र रामप्रताप को 27 सितंबर से बुखार आ रहा था। शुक्रवार को उसकी भी मौत हो गई। वहीं सौरिख थानाक्षेत्र के अल्लीपुर गांव निवासी नीरज कुमारी (24) पत्नी सुमित कुमार को एक सप्ताह से बुखार आ रहा था। शनिवार को उनकी मौत हो गई। सुमित ने बताया कि स्थानीय स्तर पर इलाज कराया, लेकिन सुधार नहीं हुआ। शनिवार सुबह अचानक हालत बिगड़ने पर छिबरामऊ ले गए। यहां चिकित्सकों ने फर्रुखाबाद रेफर कर दिया।
स्वास्थ्य विभाग जिले में डेंगू पर नियंत्रण पाने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। इसी के तहत डेंगू प्रभावित गांव व शहर के कई मोहल्लों में कैंप लगाए गए। शनिवार को ठठिया, मलगई, शहर के मोहल्ला शेखाना, गढइया, चौधरीसराय, हौदापुर्वा, मित्रसेनपुर, मढहरपुर, गंगागंज, उदैतापुर, नसरापुर, गंगधरापुर, जसौली, टिढियापुर, वेहरिन, फगुहा भट्ठा, अगनपुर सहनी, अलियापुर, रजलामऊ, लहरापुर, लेलेपुर, कलुआपुर में कैंप लगाकर मरीजों की जांच की गई।
जिले में 166 एक्टिव डेंगू मरीज हैं। 111 मरीज घर में रह कर उपचार ले रहे हैं। 61 डेंगू मरीज अस्पतालों में उपचार ले रहे हैं। इन में राजकीय मेडिकल कालेज में 15, जिला अस्पताल में चार, इसके अलावा जिले के अन्य अस्पतालों में भर्ती होकर इलाज ले रहे हैं।