झांसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय कैंपस में बीएससी द्वितीय व तृतीय वर्ष और बीकाम के छात्रों ने सोमवार को रिजल्ट में गड़बड़ी को लेकर विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर जानबूझकर फेल करने का आरोप लगाया। एक छात्रा ने कुलपति कार्यालय के गेट का शीशा मुक्का मारकर तोड़ दिया जिससे उसके हाथ में चोट आई। जिलाधिकारी आंद्रा वामसी और एसएसपी शिवहरि मीना ने मौके पर पहुंचकर प्रदर्शन कर रहे छात्रों को आडिटोरियम में बैठाया। कुलपति से बात की और कमेटी गठित कर तीन दिन में समस्या का निदान करने को कहा। छात्रों को प्रशासनिक अनुमति के बगैर धरना प्रदर्शन और सड़क जाम करने पर कार्रवाई की चेतावनी दी।
छात्रों ने आरोप लगाया कि विश्वविद्यालय प्रशासन ने जानबूझकर उन्हें कुछ विषयों में फेल कर दिया है। बीएससी द्वितीय वर्ष के छात्रों ने कहा कि उन्हें प्रथम वर्ष में फेल न किया जाए जबकि विश्वविद्यालय प्रशासन ने पिछले वर्ष कोरोना के चलते इस शर्त पर प्रोमोट किया था कि द्वितीय वर्ष में फेल होेने पर उन्हें प्रथम वर्ष में भी फेल माना जाएगा। तृतीय वर्ष के अधिकांश छात्रों का आरोप रहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन ने जानबूझकर किसी को प्रेक्टिकल में तो किसी को पेपर में फेल कर दिया है। बीकाम के छात्रों ने पहले से जानबूझकर फेल करने का आरोप लगाया था। सूचना पाकर मौके पर जिलाधिकारी और एसएसपी मौके पर पहुंचे और कुलपति से बात की तथा तीन दिन में निर्णय देने का निर्देश दिया। राष्ट्र भक्त संगठन के अध्यक्ष अंचल अड़जरिया, प्रगतिशील समाजवादी पार्टी के स्वदेश यादव, एबीवीपी के समरेंद्र प्रताप सिंह व प्रदीप द्विवेदी, एनएसयूआई के अभिषेक प्रताप समेत कई संगठन भी छात्रों के समर्थन में विश्वविद्यालय पहुंचे और अधिकारियों से समस्याओं के शीघ्र निस्तारण की मांग की।
चार सदस्यीय कमेटी आज होगी गठित
विश्वविद्यालय प्रशासन ने मंगलवार को चार सदस्यीय कमेटी बना देगी। इसमें दो सदस्य जिला प्रशासन के दो सदस्य विश्वविद्यालय प्रशासन के होंगे। कमेटी अपना निर्णय सात अक्तूबर को देगी।