फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गतिमान एक्सप्रेस में आधी से ज्यादा सीटों को नहीं मिल रहे मुसाफिर

विज्ञापन
विज्ञापन
झांसी। कोरोना काल में गतिमान एक्सप्रेस जैसी वीआईपी ट्रेन को सवारियां नहीं मिल पा रहीं हैं। इस ट्रेन की क्षमता 736 यात्रियों की है, लेकिन महज चार सौ मुसाफिर प्रतिदिन मिल पा रहे हैं। बुधवार को भी तीन सौ से अधिक सीटें खालीं गईं।इससे अप और डाउन की दोनों ट्रेनों से प्रतिदिन 10 लाख से अधिक का नुकसान हो रहा है। जबकि, विशेष ट्रेनों में यात्रियों में सीट को लेकर मारामारी मची रहती है।
विज्ञापन

कोरोना काल में रेलवे द्वारा विशेष ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है। ट्रेनों में सिर्फ कंफर्म टिकट वाले यात्रियों को ही सफर करने की अनुमति दी जा रही है। इसके अलावा वीआईपी ट्रेनें भी संचालित की जा रही हैं। इसमें निजामुद्दीन से झांसी के बीच चलने वाली गतिमान एक्सप्रेस भी शामिल है। इस ट्रेन में आठ चेयर कार व दो एक्जीक्यूटिव कोच लगते हैं। एक्जीक्यूटिव कोच में 112 व चेयर कार में 624 सीटें हैं।
झांसी से निजामुद्दीन का एक्जीक्यूटिव कोच का किराया 1595 व चेयर कार का 985 रुपये है। कोरोना काल से पूर्व इस ट्रेन में सीट मिलना मुश्किल रहता था। लेकिन इन दिनों इस ट्रेन को पर्याप्त संख्या में यात्री भी नहीं मिल पा रहे हैं। प्रतिदिन आधी से अधिक सीटें खालीं जा रहीं हैं। झांसी से यह ट्रेन दोपहर 3.05 बजे रवाना होकर निजामुद्दीन शाम 7.30 बजे पहुंचती है। यह ट्रेन 403 किलोमीटर का सफर महज 4 घंटे 25 मिनट में पूरा करती है। जबकि अन्य सुपरफास्ट, एक्सप्रेस व मेल ट्रेनों को झांसी से निजामुद्दीन पहुंचने में साढ़े पांच से साढ़े छह घंटे तक का समय लग जाता है। रास्ते में ग्वालियर व आगरा कैंट स्टेशन पर ही इस ट्रेन को ठहराव दिया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें