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रामराजा मंदिर के जीर्णोद्धार के नाम पर मांगा जा रहा चंदा

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ओरछा। एक पत्रिका में प्रकाशित लेख सोशल मीडिया पर वायरल होने से रामराजा सरकार से जुड़े श्रद्धालुओं में रोष व्याप्त है। इस पत्रिका में एक समिति ने अपनी ओर से प्रकाशित करवाए लेख में दावा किया है कि वह रामराजा मंदिर में अब तक जीर्णोद्धार के कई काम करवा चुकी है तथा आगे भी वह रामराजा मंदिर में जीर्णोद्धार क रवाने वाली है, इसके लिए लोगों से आर्थिक सहयोग देने की अपील की गई है। आर्थिक सहयोग की राशि देने के लिए समिति ने अपना ई-मेल एड्रेस तथा वाट्सएप टेलीफोन नंबर दिया है। नागरिकों ने मामले की जांच करवाकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
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आजादी के बाद से अब तक मंदिर का प्रबंधक जिला कलेक्टर होता है तथा व्यवस्थापक तहसीलदार। मंदिर के लिए किसी भी तरह की धनराशि का दान रामराजा मंदिर के खाते में ही आता है। मंदिर के अंदर मौजूद दान पंजिका में इसे पंजीबद्ध किया जाता है।
मंदिर की गरिमा से खिलवाड़ किया तो कर लेंगे खुदकुशी
स्थानीय समाजसेवी प्रह्लाद अयाची का कहना है कि रामराजा मंदिर के नाम पर सहयोग राशि मांगे जाने की परंपरा ओरछा रामराजा मंदिर में कभी नहीं रही है। भक्तों की स्वेच्छा से दान राशियां मंदिर के खाते में आती रहीं है न कि किसी समिति के पास। प्रहलाद अयाची ने धमकी दी है कि इस तरह की अवैध समितियों का मंदिर में दखल बंद किया जाए अन्यथा वह मंदिर के सामने आत्महत्या करने को मजबूर हो जाएंगे।
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कार्रवाई न हुई तो करेंगे आंदोलन
भारतीय जनता युवा मोर्चा के ओरछा मंडल अध्यक्ष रोहित यादव का कहना है कि ओरछा रामराजा का मंदिर पूरे देश में एक मात्र मंदिर है जहां न तो पुजारी दान की राशि मांगते हैं और न ही मंदिर प्रबंधन, पर जिस समिति ने पत्रिका में लेख प्रकाशित करवाकर रामराजा मंदिर के जीर्णोद्धार के नाम पर धनराशि देने की अपील की है उसने इस मंदिर की मर्यादा को तार- तार किया है।अगर इस पूरे मामले में जिला कलेक्टर ने तत्काल कार्रवाई नहीं की तो जनआंदोलन किया जाएगा।
मामले की जांच कर की जाएगी कार्रवाई: कलेक्टर
इस मामले में जिला कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी का कहना है कि मंदिर के नाम पर दान एकत्र करने की अनुमति किसी को नहीं दी गई । किसी भी समिति का मंदिर पर किसी तरह का कोई अधिकार नहीं है । मंदिर जिला प्रशासन के अधिकार व प्रबंधन में है । अगर किसी समिति द्वारा रामराजा के नाम पर दान राशि मांगी जा रही है तो इस संबंध में जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
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