जेल प्रशासन के अधिकारियों ने उसे समझाने बुझाने के बाद अन्य महिला बंदियों के बीच भेज दिया। जेल से जुड़े कर्मचारियों के मुताबिक महिला के आने के पहले ही सभी बंदियों को समझा बुझा दिया गया था कि उससे कोई बात न करें, लेकिन आरती खुद ही रोते हुए बार-बार अपने किए पर पछतावा कर रही है और रोते हुए पूरी कहानी बता रही है। इस बात की पुष्टि जेलर कुलदीप भदौरिया ने भी की। उन्होंने बताया आरोपी महिला खाना खा रही है।