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रेड: भाजपा नेता व शराब कारोबारी के यहां लगातार 58 घंटे तक आयकर जांच, तलाशी में मिले एक करोड़ से ज्यादा कैश

Sat, 24 Jul 2021 09:34 PM IST
उत्पल कांत अमर उजाला नेटवर्क, जौनपुर

सार

लखनऊ, आजमगढ़, वाराणसी, प्रयागराज मंडल की आयकर विभाग की टीम ने बृहस्पतिवार की सुबह करीब आठ बजे जांच शुरू की थी। प्रथम दृष्टया बड़े पैमाने पर कर चोरी का मामला सामने आया है।
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चार मंडलों की टीम ने ओम प्रकाश के पूरे परिवार से की पूछताछ - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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भाजपा नेता, शराब कारोबारी और जौनपुर जिले के शाहगंज नगरपालिका के पूर्व अध्यक्ष ओम प्रकाश जायसवाल के घर चार मंडलों की आयकर विभाग की टीम ने तीन दिनों में लगातार 58 घंटे तक जांच की। इस दौरान तलाशी में एक करोड़ तीन लाख 36 हजार रुपये मिले। इनमें से टीम ने एक करोड़ तीन लाख रुपये आयकर विभाग के नई दिल्ली के खाते में जमा कराए। अब कागजात, बैंक खातों, कंप्यूटर हार्ड डिस्क के रिकार्डों की जांच चल रही है। प्रथम दृष्टया बड़े पैमाने पर कर चोरी का मामला सामने आया है।

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लखनऊ, आजमगढ़, वाराणसी, प्रयागराज मंडल की आयकर विभाग की टीम ने बृहस्पतिवार की सुबह करीब आठ बजे जांच शुरू की थी। इस दौरान टीम ने ओम प्रकाश जायसवाल, उनकी पत्नी माधुरी जायसवाल, भयोहू व नगर पालिका शाहगंज अध्यक्ष गीता जायसवाल, भाई प्रदीप जायसवाल, भतीजा सुजीत जायसवाल और दो भतीजियों से भी अलग-अलग पूछताछ की।

शनिवार की शाम पांच बजे सात इनोवा कारें ओम प्रकाश के फार्म हाउस के अंदर गईं। फिर करीब छह बजे सभी कारें बाहर निकलीं। अधिकारी यहां से बड़ी संख्या में दस्तावेज भी ले गए। जांच के दौरान तलाशी में आयकर टीम को एक करोड़ तीन लाख 36 हजार रुपये मिले। टीम ने शुक्रवार को इनमें से एक करोड़ तीन लाख रुपये भारतीय स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की शाखा शाहगंज से आयकर विभाग के नई दिल्ली के खाते में दो बार में ट्रांसफर किए। इसकी पुष्टि ओम प्रकाश जायसवाल ने भी की।

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इसके अलावा उनके भतीजे सुजीत जायसवाल के पंचवटी कालोनी स्थित आवास से भी आयकर विभाग की टीम कागजात ले गई है। साथ ही 36 हजार रुपये भी कब्जे में ले लिए। इसकी पुष्टि सुजीत ने की है। इससे पहले वाराणसी में नाटी इमली स्थित आवास, मलदहिया में चार्टर्ड अकाउंटेंट के कार्यालय पर आयकर विभाग की टीम ने बृहस्पतिवार को जांच की थी।

अब आयकर विभाग ने लेन-देन से जुड़े कागजात, बैंक खातों आदि की जांच शुरू कर दी है। विभागीय सूत्रों की मानें तो प्रथम दृष्टया आयकर टीम को जो जानकारी मिली है, उसमें कारोबारी बैंक से लेनदेन कम करता था लेकिन, नकदी में अधिक कारोबार होता था।

आय से अधिक संपत्ति मानकर भी टीम जांच कर रही है।  अधिकारियों ने बताया कि कार्रवाई संतोष जनक रही। हम जिस सूचना पर आए थे, वह लगभग सही निकली। हालांकि अफसरों ने और जानकारी देने से इनकार कर दिया।

सभी की नजरें आयकर की अगली कार्रवाई पर

आयकर विभाग की टीम के जाने के बाद ओम प्रकाश जायसवाल का परिवार - फोटो : अमर उजाला
जौनपुर, वाराणसी में कारोबारी के अलग-अलग ठिकानों पर हुई आयकर की कार्रवाई में 100 से अधिक लोग शामिल रहे। दर्जन भर गाड़ियों और पुलिस बल की मौजूदगी में आयकर विभाग ने एक-एक तथ्य की जांच की। अब सभी की नजरें आयकर की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं। 

भाजपा नेता का दावा, विरोधियों की थी यह साजिश

आयकर विभाग की चार मंडलों की टीम द्वारा भाजपा नेता व शराब कारोबारी ओम प्रकाश जायसवाल के मकान और प्रतिष्ठानों पर लगातार 58 घंटे की जांच पड़ताल के बाद शनिवार शाम छह बजे लौटी। छापेमारी की कार्रवाई से ओमप्रकाश जायसवाल ने संतुष्टि जाहिर की। साथ ही इसे विरोधियों की साजिश करार देते हुए कहा कि टैक्स चोरी के आरोप में छापेमारी की गई। लेकिन कहीं कुछ नहीं मिला। एक करोड़ तीन लाख रुपये फ्लोर मिल एवं शराब का व्यापारिक गतिविधियों का पैसा था, जिसे जब्त किया गया है। वह पैसा जल्द ही जांच के बाद रिलीज कर दिया जाएगा।

छापेमारी की कार्रवाई समाप्त होने के बाद कहा कि मैं भाजपा कार्यकर्ता के अलावा व्यवसाय और उद्योग धंधे से जुड़ा हुआ हूं। राजनीति से लेकर कारोबार तक विरोधी होते हैं। आयकर विभाग के सर्च ऑपरेशन से मुझे संतुष्टि है। टैक्स चोरी की सूचना पर टीम की छापेमारी हुई थी। लेकिन टीम को मेरे सभी दस्तावेज खंगालने के बाद टैक्स चोरी का मामला नहीं मिला।
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उन्होंने कहा कि इनकम टैक्स विभाग भारत सरकार का महत्वपूर्ण उपक्रम है। सभी को ईमानदारी के साथ आयकर देना चाहिए। मैंने कभी कर की चोरी नहीं किया। उन्होंने कहा कि फर्मो के अन्वेषण का नंबर टीम ने लिया है। कोई दस्तावेज नहीं ले गए।उन्होंने कहा कि जेवरात की जांच की, जो अंडर लिमिट है। एक करोड़ तीन लाख रुपये मिल और शराब की रोटेशन मनी थी। जिसे कब्जे में लिया गया। बहुत जल्द उसे वापस लेने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।  
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