बिजली कनेक्शन कटने के बाद अब सरकारी विभाग बकाया बिल का भुगतान करने में जुट गए हैं। बुधवार को तकरीबन 20 लाख रुपये की वसूली हुई। कई विभाग बकाया बिजली बिल जमा करने के लिए विभागीय निदेशालय पत्र भेजकर बजट की मांग कर रहे हैं। ताकि बकाया बिल जमा कर सकें।
जिले में स्थित विभागीय सरकारी कार्यालयों पर तकरीबन 68 करोड़ रुपये बिजली बिल बकाया है। इनमें थाना, तहसील, अस्पताल, ब्लॉक, नगर निकाय, शिक्षा विभाग, पीडब्ल्यूडी, जिला पंचायत, सिंचाई सहित अन्य विभाग शामिल हैं। कई विभाग बकाया बिल का भुगतान नहीं कर रहे थे। इसे गंभीरता से लेते हुए विद्युत निगम ने जिले में दो दिनों तक अभियान चलाकर उन विभागों का बिजली कनेक्शन काट दिया, जिन पर बिजली बिल बकाया था। कनेक्शन कटने के बाद विभाग अब बकाया बिजली बिल जमा करने में जुट गए हैं। इस बीच पीडब्ल्यूडी ने छह लाख 70 हजार रुपये बकाया बिल का भुगतान किया है। जिला पंचायत ने भी पांच लाख रुपये का भुगतान किया। डीआईओएस, शिक्षा विभाग, उद्यान, डाकखाना, पुलिस थानों आदि के जिम्मेदारों ने बकाया बिल जमा करने के लिए विभागीय निदेशालय को पत्र भेजकर बजट की मांग कर रहे हैं।
विद्युत वितरण मंडल द्वितीय के अधीक्षण अभियंता आरआर सिंह का कहना है कि विभागों ने बकाया बिजली बिल का भुगतान शुरू कर दिया है। कई विभागों बकाया बिजली बिल जमा करने के लिए कुछ दिन की मोहलत मांगी है। संबंधित विभागों ने बकाया बिल जमा करने के लिए विभागीय निदेशालय पत्र भेजकर बजट की मांग करना शुरू कर दिया है।