फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जौनपुरः आजादी को भीख बताने के मामले में कंगना रणौत के खिलाफ वाद दाखिल,  29 नवंबर को होगी सुनवाई 

Mon, 22 Nov 2021 07:37 PM IST
उत्पल कांत अमर उजाला नेटवर्क, जौनपुर

सार

अभिनेत्री कंगना रणौत ने वर्ष 1947 में मिली देश की आजादी को भीख बताया और कहा कि भारत देश को असली आजादी 2014 में मिली है। 
विज्ञापन
कंगना रणौत - फोटो : Instagram
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

यूपी में जौनपुर जिले में  अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट तृतीय की अदालत में 1947 में मिली आजादी को भीख बताने के मामले में अभिनेत्री कंगना रणौत के खिलाफ वाद दाखिल किया गया है। कोर्ट ने पोषणीयता पर सुनवाई के लिए 29 नवंबर तिथि नियत की है।

विज्ञापन


दीवानी न्यायालय के अधिवक्ता विकास कुमार तिवारी ने कोर्ट में अवधेश तिवारी एडवोकेट व अवनीश चतुर्वेदी एडवोकेट के माध्यम से बॉलीवुड अभिनेत्री कंगना रणौत के खिलाफ परिवाद दाखिल किया। आरोप लगाया कि 11 नवंबर 2021 की सुबह 9 बजे परिवादी ने विभिन्न समाचार पत्रों, चैनलों तथा सोशल मीडिया पर देखा सुना व पढ़ा कि अभिनेत्री कंगना रणौत ने वर्ष 1947 में मिली देश की आजादी को भीख बताया और कहा कि भारत देश को असली आजादी 2014 में मिली है।

आरोपी ने ऐसा वक्तव्य इसलिए दिया कि आजादी के लिए कुर्बानियां देने वाले अपमानित हों। समाज में उत्तेजना तथा उन्माद को बढ़ावा मिले, देश की एकता एवं अखंडता पर प्रतिकूल प्रभाव पड़े और देश गृह युद्ध की तरफ जाए।

विज्ञापन
विज्ञापन

राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को भी अपशब्द कहा

इसके अलावा उन्होंने 16 नवंबर 2021 को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को भी अपशब्द कहकर देश में अराजकता का माहौल पैदा करने का प्रयास किया था। अभिनेत्री कंगना के इस वक्तव्य से परिवादी व गवाहों की भावनाएं आहत हुईं हैं। परिवादी ने आरोपित को तलब कर दंडित  करने की कोर्ट से मांग की है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें