हरदोई। शाहाबाद विकास खंड की ग्राम पंचायत नस्यौली गोपाल में सोशल ऑडिट के दौरान पकड़ी गई खामियों का मामला तूल पकड़ गया है। मनरेगा उपायुक्त ने नस्यौली गोपाल में मनरेगा के तहत कराए गए कार्यों की पत्रावली तलब की है। पांच दिसंबर तक हर हाल में मनरेगा सेल में पत्रावली उपलब्ध कराने के लिए कहा गया है।
सोमवार को अमर उजाला ने शाहाबाद विकास खंड की ग्राम पंचायत नस्यौली गोपाल में सोशल ऑडिट के दौरान सामने आईं वित्तीय अनियमितताओं को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। फर्जी जॉबकार्डों के जरिये मनरेगा कार्य कराने और भुगतान निकालने का मामला सामने आया था। साथ ही ऐसे मामले भी मिले थे, जिनमें भुगतान तो निकाला गया था, लेकिन कार्य हुआ ही नहीं था।
गत वित्तीय वर्ष में लगभग एक करोड़ रुपये का भुगतान मनरेगा के कार्यों पर किए जाने की बात भी सामने आई थी, लेकिन ग्राम पंचायत के जिम्मेदार इसकी पत्रावली ही नहीं दिखा पाए थे। खबर संज्ञान में लेकर मनरेगा उपायुक्त प्रमोद सिंह चंद्रौल ने शाहाबाद के खंड विकास अधिकारी डॉ. धर्मेंद्र वर्मा को पत्र भेजकर संबंधित ग्राम पंचायत में वित्तीय वर्ष 2020-21 में मनरेगा से कराए गए कार्यों की पत्रावली तलब की है। मनरेगा उपायुक्त ने बताया कि पांच दिसंबर को सभी पत्रावलियां लेकर आने को कहा गया है। पत्रावली न देने पर भी कार्रवाई की जाएगी।