हीटस्ट्रोक और गैस बनने से बीमार हुईं थी छात्राएं, 9 की ब्लड रिपोर्ट में खुलासा
कस्तूरबा आवासीय विद्यालय का मामला
संवाद न्यूज एजेंसी
हापुड़। कुचेसर रोड चौपला स्थित कस्तूरबा आवासीय विद्यालय में एक साथ 15 छात्राओं की हालत बिगड़ने के मामले में सीएचसी में भर्ती 9 छात्राओं के ब्लड सैंपल की रिपोर्ट सामान्य आई है। छात्राओं में फूड प्वाइजनिंग की पुष्टि नहीं हो सकी है। हालांकि छात्राओं की हालत को देखकर चिकित्सकों ने हीटस्ट्रोक और गैस बनने से बीमार होने की बात कही है।
सीएचसी में भर्ती सभी छात्राओं को रविवार शाम को छुट्टी दे दी गई थी। मेरठ में भर्ती छात्राओं को भी घर भेज दिया गया है। छात्राओं के बीमार पड़ने पर फूड प्वाइजनिंग होने की चर्चा फैल गई थी, मामले की गंभीरता पर डीएम के आदेश पर खाने के सैंपल लिए गए। रविवार को ही 9 सैंपल की रिपोर्ट आ गई, इसमें भोजन में कीड़े, खराब होने संबंधी जांच शामिल थी, सभी रिपोर्ट सामान्य रहीं।
वहीं, सीएचसी में भर्ती 9 छात्राओं की हापुड़ की ही एक प्राइवेट लैब से एलएफटी, सीबीसी, केएफटी, किडनी,लीवर की जांच कराई गई। रविवार देर रात छात्राओं के ब्लड की रिपोर्ट आ गई, इसमें सारी जांचें सामान्य ही आयीं। चिकित्सकों ने बताया कि जिस दशा में छात्राएं आई थी, वह सभी हीट स्ट्रोक और गैस बनने संबंधी समस्या से ही परेशान थी।
सीएचसी अधीक्षक डॉ दिनेश खत्री ने बताया कि फूड प्वाइजनिंग बैक्टीरिया के कारण होता है, जिसका असरखाना खाने के तीन से चार घंटे में शुरू होता है। लेकिन छात्राएं खाना खाते ही बीमार पड़ गई, घबराहट हीट स्ट्रोक का प्रमुख कारण है। छात्राओं की रिपोर्ट सामान्य मिली हैं।