फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कागजों में अभियान: बिना हेलमेट एक माह में 28 की गई जान

Sat, 07 Jun 2025 11:54 PM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर
विज्ञापन
शहर में बाइक पर बिना हेलमेट तीन सवार युवक। संवाद - फोटो : शहर में बाइक पर बिना हेलमेट तीन सवार युवक। संवाद
विज्ञापन
हमीरपुर। जागरूकता के बाद भी बाइक सवार हेलमेट नहीं लगा रहे हैं। ऐसे में सड़क हादसों में लोगों की जान जा रही हैं। इससे बचाव के लिए चलाया गया नो हेलमेट, नो फ्यूल अभियान भी कागजों में सिमट गया है। नतीजा मई माह में 40 सड़क हादसों हुए हैं। इनमें 28 लोगों की मौत हो गईं। जबकि 38 लोग घायल हुए, जिनका उपचार चल रहा है।
विज्ञापन

हेलमेट जरूरी है बिना हेलमेट के दो पहिया वाहन चलाने वाले पांच हजार से अधिक वाहनों का चालान किया गया है। साथ ही एक लाख से अधिक का शमन शुल्क वसूल किया गया है। इसके बाद भी युवा सुधरने के लिए तैयार नहीं है। नतीजा जिले में 40 घटनाएं हुईं, जिसमें 28 लोगों की मृत्यु हुई और 38 लोग घायल हो गए। विभागीय आंकड़ों की माने तो उक्त घटनाओं में 20 ऐसी घटनाएं हुई, जो बिना हेलमेट के ही वाहन चलाते समय घटी। इनमें से 15 लोगों की मौत हो गई जबकि 20 लोग घायल हो गए। मरने वाले में लगभग सभी युवा हैं। इसके बावजूद न तो वाहनों की रफ्तार कम हो रही है और न ही लोग नियमों का पालन कर रहे हैं।

मई माह में पांच हजार लोगों के चालान

मई में पुलिस की तरफ से सबसे ज्यादा बिना हेलमेट के पांच हजार से अधिक लोगों पर कार्रवाई की गई थी। साथ ही लोगों से एक लाख से अधिक शमन शुल्क वसूल किया गया। कड़ाई पर लोग प्रमुख चौराहों पर पहुंचने के दौरान हेलमेट लगा लेते हैं और जैसे की चौराहा पार करते हैं वैसे ही हेलमेट उतारकर या तो टांग लेते हैं अथवा पीछे बैठे साथी को पकड़ा देते हैं।
विज्ञापन



बिना हेलमेट के चलने वाले लोगों का चालान किया जाता है। इसके बाद भी लोग सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं। सबसे ज्यादा हेलमेट को लेकर युवा लापरवाह हुए हैं। हादसे में युवाओं की ज्यादा मौत भी हो रही हैं। इसके लिए आम जनता को भी इसमें सहयोग करना चाहिए कि वह घर से बाइक लेकर निकल रहे तो हेलमेट जरूर पहनें। इससे वह सुरक्षित रहेंगे।- हरवेंद्र सिंह, यातायात प्रभारी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें