गोंडा। विधानसभा चुनाव में सातों विसप्त क्षेत्रों के मतों की गणना में एक दिन का समय शेष रह गया है। गुरुवार को नवीन गल्ला मंडी में मतगणना होगा। प्रशासन ने तैयारी पूरी कर ली है। 14 चक्रों में मतों की गणना पूरी होगी। इसके लिए 644 मतगणना कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। पोस्टल बैलेट के लिए अलग से काउंटर बनाए गए हैं। मतों की गणना समय से पूरी हो सके। सबसे पहले गौरा विस का परिणाम आएगा। गौरा पर सभी की निगाहें भी टिकी हैं। विस. क्षेत्रों के परिणाम की तस्वीर दोपहर बाद से साफ होने लगेगी। माना जा रहा है कि दोपहर दो बजे तक परिणाम तय हो जाएंगे।
जिले की सातों विस सीटों के लिए हुए मतदान में सबसे अधिक वोट कटरा बाजार में पड़े हैं। कटरा में 234143 मतदाताओं ने वोट डाला है। सातों विस सीटों पर 1405684 मतदाताओं ने मतदान किया है। कटरा में सबसे अधिक मतदान हुआ है, जिससे अधिक समय लगेगा। 172175 मतदाताओं ने गौरा विस क्षेत्र में मतदान किया है। इससे गौरा विस के परिणाम सबसे पहले आने की उम्मीद है। इसके साथ ही मनकापुर विस क्षेत्र का परिणाम भी गौरा के बाद ही आने की उम्मीद है। यहां 182564 मतदाताओं की गणना होनी है। दोनों विस क्षेत्र में मतों का अंतर कम है। बताया जा रहा है कि गणना की तैयारी ऐसी है कि जल्द से जल्द परिणाम तय कर दिए जाएं।
मतगणना के दौरान रहेगी कड़ी निगरानी
प्रत्येक विधानसभा की मतगणना के लिए 14 टेबलें बनाई जा रही हैं। सातों विधानसभाओं की ईवीएम की मतगणना कुल 98 टेबलों पर होगी। पोस्टल बैलेट के लिए विधानसभावार अलग से टेबलें बनाई जा रही हैं। मतगणना के लिए रिजर्व पार्टियों सहित कुल 161 पार्टियां रहेंगी, जिनमें 133 पार्टियां ईवीएम की मतगणना व 28 पार्टियां मतपत्र की गणना के लिए होगीं। एक-एक टेबल रिटर्निंग ऑफिसर एवं सहायक रिटर्निंग आफिसर के बनाई जा रही हैं। मतगणना कार्य में 644 कार्मिकों की ड्यूटी लगाई गई है।
विधानसभावार पड़े मत
विस - कुल हुआ मतदाता
मेहनौन - 213663
गोंडा - 199105
कटरा बाजार - 234143
करनैलगंज - 193185
तरबगंज - 210849
मनकापुर- 182564
गौरा - 172175
योग - 1405684
सुरक्षा प्राप्त व्यक्ति नहीं बनेंगे मतगणना एजेंट : डीएम
जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. उज्ज्वल कुमार ने बताया है कि विधानसभा सामान्य निर्वाचन की मतगणना में सुरक्षाकर्मी प्राप्त महानुभाव को मतगणना एजेंट नियुक्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने प्रत्याशियों से अपेक्षा की है कि वे परिपक्व व्यक्तियों जिनकी आयु 18 वर्ष से अधिक हो, को मतगणना एजेंट नियुक्त करें।
उन्होंने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा दिए निर्देशों के अनुपालन में सुरक्षा कर्मियों को मतगणना हाल में प्रवेश करने की अनुमति नहीं दी जाती है। इसलिए सुरक्षा प्राप्त व्यक्तियों को मतगणना एजेंट नियुक्त नहीं किया जा सकता है। केंद्र या राज्य सरकार के मंत्री, संसद सदस्य, एमएलए, एमएलसी, जिला पंचायत, नगर निगम एवं नगर पालिका अध्यक्ष, सहकारी संस्थाओं के चुने हुए अध्यक्ष, सार्वजनिक क्षेत्र के अध्यक्ष और कोई भी सरकारी सेवक मतगणना एजेंट नामित नहीं होगा। उन्होंने सभी रिटर्निंग आफिसर को निर्देश दिया है कि आयोग के इन निर्देशों को कड़ाई से पालन करें। उन्होंने बताया कि मतगणना परिसर में किसी भी मतगणना एजेंट अथवा कर्मचरी को मोबाइल फोन, लाइटर, माचिस, हथियार अन्य कोई भी इलेक्ट्रानिक उपकरण या ज्वलनशील वस्तु ले जाने पर प्रतिबंध रहेगा। मतगणना परिसर में वाहनों का प्रवेश पूर्णतया वर्जित रहेगा।