पूर्व जिलाध्यक्ष कृष्ण बिहारी राय ने कहा कि संगीता बलवंत के मंत्री बनने पर सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास के विचार को मजबूती मिली है। इनके मंत्री बनने से भाजपा के प्रति समाज के पिछड़े वर्ग का विश्वास बढ़ा है। भाजपा के जिला मीडिया प्रभारी शशिकांत शर्मा ने कहा कि मंत्री बनना संगीता बलवंत के मिलनसार व्यक्तित्व, योग्यता एवं कुशलता का परिणाम है।
सरलता व सादगी के साथ लोगों के बीच रहकर जन बुनियादी समस्याओं को सदैव सदन में रखा। उनके मंत्री बनाए जाने से भारतीय जनता पार्टी ने यह सिद्ध कर दिया है कि समाज के सबसे कमजोर, पिछड़े और असंगठित लोगों का सम्मान सिर्फ भारतीय जनता पार्टी में निहित है।इससे गाजीपुर के विकास को गति मिलेगी।
भाजपा सोशल मीडिया विभाग के जिला संयोजक कार्तिक गुप्ता ने कहा कि पूर्वांचल के ख्यातिलब्ध महाविद्यालय की उपाध्यक्ष, जिला पंचायत सदस्य और फिर सदर विधायक का सफर तय करने के बाद आज उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री तक का सफर उनकी उत्कृष्ट कार्यपद्धति को दर्शाता है। इस नई जिम्मेदारी का सफलतापूर्वक निर्वहन कर विकास और विश्वास की एक उच्च मानक स्थापित करेंगी, ऐसा विश्वास है।
रिटायर्ड पोस्टमैन की बेटी बनीं राज्यमंत्री
सदर विधायक डॉ. संगीता बलवंत का पूरा नाम संगीता बलवंत बिंद है। संगीता बलवंत का जन्म गाजीपुर शहर में हुआ। इनके पिता रामसूरत बिंद रिटायर्ड पोस्टमैन थे। संगीता को छात्र जीवन में पढ़ाई और कविता का शौक रहा है। छात्र जीवन से ही वह राजनीति में सक्रिय हैं।वो स्थानीय पीजी कॉलेज, गाजीपुर छात्रसंघ की उपाध्यक्ष भी रही हैं। जमानियां क्षेत्र से निर्दल जिला पंचायत सदस्य भी रही हैं। वर्तमान में गाजीपुर सदर विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक हैं। संगीता बलवंत ने जमानियां कस्बा निवासी होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ. अवधेश से शादी की है।
साल 2017 में पहली बार विधायक बनीं। वह पिछड़ी जाति से आती हैं। बिंद जाति का पूर्वांचल में बड़ीसंख्या में मतदाता हैं। संगीता की पहचान जमीन से जुड़े नेताओं के तौर पर होती है। अपने क्षेत्र में यह काफी लोकप्रिय भी हैं। आगामी चुनाव को देखते हुए इनकी भूमिका काफी अहम हो सकती है। साल 2014 लोकसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी रहे और वर्तमान में जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने इन्हें भाजपा में शामिल कराया। कहा जाता है कि मनोज सिन्हा के प्रयासों के कारण संगीता को 2017 विधानसभा चुनाव में सदर विधानससभा से टिकट मिल था।