जमानिया। क्षेत्र के दरौली गांव स्थित तालाब की खुदाई जेसीबी से कराने के विरोध में मंगलवार की सुबह बड़ी संख्या में मनरेगा मजदूरों ने ब्लॉक मुख्यालय पहुंच कर विरोध दर्ज कराया। जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत दरौली स्थित तालाब को शासन की ओर से अमृत सरोवर योजना के तहत चयनित किया गया है। इसके तहत तालाब का सुंदरीकरण आदि कराया जाना है। इस योजना में मनरेगा मजदूरों से कार्य कराया जाना है। गांव के दर्जनों मनरेगा मजदूर फावड़ा, तगाड़ी आदि लेकर विकास खंड कार्यालय पहुंच गए।
मनरेगा मजदूरों विजेंद्र राधे शेषनाथ दुर्गा आदि का आरोप है कि ग्राम प्रधान द्वारा तालाब की खुदाई जेसीबी से कराई गई है। इससे हम लोगों की मजदूरी का नुकसान हुआ है। इसके बाद मजदूरों ने खंड विकास अधिकारी से इसकी लिखित शिकायत की। ग्राम प्रधान कंचन यादव ने बताया कि गांव के भोले भाले मनरेगा मजदूरों को गुमराह कर चुनावी रंजिश साधी जा रही है। किसी प्रकार के कोई तालाब की खुदाई जेसीबी से नहीं कराई गई है। लगाया गया आरोप निराधार है। गांव के मनरेगा मजदूरों से ही कार्य कराया जाएगा। इस संबंध में खंड विकास अधिकारी अरुण कुमार वर्मा ने बताया कि मनरेगा मजदूरों का आरोप है कि तालाबों का कार्य जेसीबी से कराया गया है। मजदूरों की ओर से प्रार्थना पत्र प्राप्त हुआ है।
इसकी जांच की जाएगी और दोषी पाए जाने पर कठोर कार्रवाई होगी। इसके बाद मनरेगा मजदूर वापस हुए। वापसी के दौरान मजदूर तहसील पहुंच कर उपजिलाधिकारी से मिले और ग्राम प्रधान द्वारा कराए गए कृत्य से अवगत कराया। इस पर एसडीएम भारत भार्गव ने भी जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस अवसर पर रामनिवास श्रवण कुमार अशोक विजय राम अमरजीत गुलाब देवंती देवी कन्हैया लाल संतरा देवी बिंदू नौरंगी बबिता देवी, मीरा देवी, सदिका देवी, गायत्री देवी, नंदलाल आदि मौजूद थे।