थाना क्षेत्र के बरहपुर गांव के लेखपाल रमेश सोनकर को बुधवार की शाम एंटीकरप्शन टीम ने दस हजार रुपए घुस लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर ली। मुकदमा दर्जकर पुलिस ने आरोपी का चालान कर दिया।
इशोपुर बरहपुर गांव निवासी योगेंद्र यादव ने सैदपुर तहसील में सरकारी नाली की नापी के लिए प्रार्थना पत्र दिया था। शिकायकर्ता ने आरोप लगाते हुए बताया कि नापी के लिए लेखपाल रमेश सोनकर पैसा मांग रहे थे और पैसा न देने पर नापी में देरी कर रहे थे। इसकी शिकायत एंटी करप्शन विभाग वाराणसी से किया था।
शिकायत को गभीरता से संज्ञान में लेते हुए एंटी करप्शन विभाग वाराणसी के निरीक्षक संतोष कुमार दीक्षित ने निरीक्षक उपेन्द्र सिंह यादव, निरीक्षक संध्या सिंह, शैलेंद्र कुमार राय, सुनील कुमार यादव, पुनीत कुमार सिंह और सुमित कुमार भारती के साथ टीम गठित कर शिकायतकर्ता द्वारा बताए गए स्थान इंदिरा बालिका उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बरहपुर पहुंचे। जहां लेखपाल रमेश सोनकर को दस हजार रुपये नकदी के साथ रंगे हाथों पकड़ कर थाना लाया। सैदपुर के तड़बनिया गांव निवासी लेखपाल रमेश सोनकर के खिलाफ शिकायतकर्ता की तहरीर पर मुकदमा दर्जकर चालान कर दिया गया। इधर आरोपी लेखपाल रमेश सोनकर ने बताया कि उपजिलाधिकारी सैदपुर के आदेश पर माध्यमिक बोर्ड की होने वाली परीक्षा के भवन की जांच करने इंदिरा बालिका उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय पहुुंचा था। इसी दौरान इशोपुर गांव निवासी योगेंद्र यादव ने विद्यालय पर मेरे जेब में जबरदस्ती लाकर दस हजार रुपये डाल दिया। जब तक कुछ समझ पाता तब-तक टीम ने पकड़ लिया और थाने ले आई।