बहुआ (फतेहपुर)। जिंदपुर टोल प्लाजा पर शनिवार को हुए विवाद में पूर्व सैनिक की शिकायत न सुनने के विरोध में रविवार को भाकियू नेता टोल के पास धरने पर बैठ गए। मौके पर पहुंचे एसडीएम और सीओ ने प्रदर्शनकारियों से बात की, इसके कुछ देर बाद ही टोल मैनेजर और कर्मचारियों के खिलाफ मारपीट, लूट का मुकदमा दर्ज कर लिया गया।
जिंदपुर टोल प्लाजा पर शनिवार को पूर्व सैनिक आशीष सिंह और टोल के कर्मचारी में विवाद हो गया था। आरोप है कि आशीष सिंह की ओर गांव के लोगों आ गए थे। दोनों पक्षों में मारपीट हो गई थी। पुलिस ने आशीष सिंह व उनके दो दर्जन साथियों के खिलाफ मारपीट, तोड़फोड़ सहित गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया लेकिन आशीष की शिकायत नहीं सुनी गई।
इसके विरोध में रविवार सुबह दस बजे भाकियू तहसील अध्यक्ष दीपक गुप्ता के साथ स्थानीय नेता जिंदपुर टोल के पास धरने पर बैठ गए और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। सूचना मिलने पर एसडीएम सदर प्रमोद झा और सीओ जाफरगंज डीसी मिश्र मौके पर पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने अधिकारियों के समक्ष दूसरे पक्ष भी एफआईआर दर्ज करने की मांग की। आशीष सिंह की तहरीर पर दोपहर करीब एक बजे टोल मैनेजर रोहित, सुनील सिंह, राजेंद्र व दीपक के खिलाफ मारपीट, तोड़फोड़, लूट का मुकदमा दर्ज कर लिया गया। इसके बाद धरना समाप्त हो गया।
किसान नेताओं ने आसपास के लोगों को टोल में छूट देने की मांग की। इस पर एसडीएम ने 27 जुलाई को किसान नेताओं को बातचीत के लिए कलक्ट्रेट सभागार बुलाया है। धरने में भाकियू ब्लाक अध्यक्ष सोनू सिंह गौतम, बउवन शुक्ला, भानू पटेल, घनश्याम गुप्ता आदि मौजूद रहे।