हसवा। थरियांव थानाक्षेत्र के शहाबुद्दीन गांव में सराफ से हुई लूट के मामले में पुलिस के हाथ एक हफ्ते बाद भी खाली हैं। फिलहाल पुलिस ने कई लोगों को पूछताछ के लिए उठाया है, लेकिन अभी कोई सटीक जानकारी नहीं मिली है।
कस्बा के सराफ रमेश कौशिक 22 सितंबर को अपनी दुकान जा रहे थे। शहाबुद्दीनपुर गांव के पास तीन नकाबपोश बाइक सवारों ने असलहा लगाकर लूट की थी। पहले तो थरियांव पुलिस इसे फर्जी बता रही थी, लेकिन बाद में पुलिस ने तीन अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। रमेश के मुताबिक, बदमाश आधा किलो चांदी, 20 ग्राम सोना व 45 हजार रुपये नकद लूट ले गए थे। एक सप्ताह बीतने के बाद भी पुलिस अभी तक बदमाशों का पता नहीं लगा सकी है।
रमेश का कहना है कि थरियांव इंस्पेक्टर के तबादले के बाद नए थानाध्यक्ष ने चार्ज लिया है। पुलिस ने कई बार थाने बुलाकर पूछताछ की है। इंस्पेक्टर थरियांव सत्येंद्र सिंह भदौरिया ने बताया कि रमेश कौशिक सराफ नहीं हैं। वह ठठेरा का काम करते हैं। उनके पास कोई जीएसटी नंबर भी नहीं है। किशनपुर में कुछ चोर पकड़े गए थे। उन्होंने घटना करना कबूला है। वहीं, रमेश का कहना है कि पुलिस फर्जी तरीके से लूट को किशनपुर में पकड़े गए चोरों से जोड़ रही है।