मोहम्मदाबाद क्षेत्र के गुरऊशादीनगर गांव में सामान्य जाति के मतदाताओं की संख्या 697 है। जबकि जनगणना में 338 ही आबादी दर्शायी गई है। ग्राम पंचायत पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित होने पर आरक्षण को गलत बताकर आपत्ति लगाई गई है।
गुरऊशादी नगर निवासी गिरीशचंद्र ने प्रधान पद पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित होने पर जिलाधिकारी व डीपीआरओ कार्यालय में आपत्ति लगाई है। इसमें कहा कि वर्ष 2011 में हुई जनगणना में गांव की आबादी 1929 दर्शायी गई है।
इसमें 456 आबादी अनुसूचित जाति की, 1135 पिछड़ा वर्ग की, जबकि 338 सामान्य वर्ग की है। जो पूरी तरह गलत आंकड़ों पर फीडिंग की गई है। इस आधार पर 58.6 प्रतिशत आबादी दिखाकर ग्राम पंचायत पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित कर दी गई।
उन्होंने दावा किया कि ग्राम पंचायत में सामान्य वर्ग के 697 मतदाताओं में 462 क्षत्रिय, जबकि 235 ब्राह्मण मतदाता हैं। इससे 2011 में सामान्य वर्ग की आबादी 338 दर्शाना पूरी तरह गलत है।
इस हिसाब से पिछड़ा वर्ग की आबादी 46.6 प्रतिशत ही बनती है। इससे ग्राम पंचायत अनारक्षित होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि पड़ोस की ग्राम पंचायत नगला नरायन में एक भी व्यक्ति सामान्य वर्ग का नहीं है। इसके बावजूद सामान्य वर्ग की जनसंख्या 391 दर्शाई गई है।