फर्रुखाबाद। जिले जेल के बवाल में पुलिस की बर्बर कार्रवाई की परतें खुलने लगी हैं। पहले सिर में चोट लगने से जख्मी एक कैदी को लोहिया ले जाना पड़ा था। अब छह कैदियों के हाथ-पैर में प्लास्टर चढ़ाया गया है। हालत में सुधार न होने पर दो दिन पहले ही जेल में एक्सरे मशीन मंगाकर कैदियों/बंदियों का एक्सरे कराया गया था।
सात नवंबर को जेल में बवाल होने पर पुलिस ने जमकर लाठियां भांजी थीं। इसमें कई बंदी व कैदी घायल हुए थे लेकिन अधिकारियों ने पहले दिन बंदियों/कैदियों के घायल होने से इनकार कर दिया था।
10 नवंबर को कंपिल के नगला अहवरन निवासी कैदी बादशाह (40) को लोहिया ले जाया गया। उसके सिर में गंभीर चोट थी। घाव में सड़न शुरू हो ग्रइ थी। दो दिन पूर्व जेल में एक्सरे मशीन मंगाकर कैदियों/बंदियों का एक्सरे कराया गया था। इनमें कई कैदियों की हड्डियां टूटी पाई गईं।
मंगलवार को लोहिया अस्पताल के आर्थो सर्जन डॉ. योगेंद्र मिश्रा ने जेल में छह कैदियों का प्लास्टर किया। इनमें तीन के पैर और दो की कलाई तथा एक का हाथ टूटा पाया गया। हालांकि जेल प्रशासन कुछ भी बताने को तैयार नहीं है। जेल सूत्र बताते हैं कि कई ऐसे कैदी हैं, जिनके हड्डी में हल्की चोट आई थी, उन्होंने प्लास्टर नहीं कराया।
शिवम की मौत का मामला जेलर के मुकदमे में समाहित
फर्रुखाबाद। जिला जेल में शिवम की मौत के मामले को जेलर की ओर से दर्ज कराए गए उपद्रव के मुकदमे में समाहित कर लिया गया है। विवेचक सीओ ने इसकी नहीं की है। विवेचक ने बुधवार को जेल में कुछ बंदियों से पूछताछ की।
सात नवंबर को जिला जेल में हुई हिंसा के बाद जेलर व सीओ सिटी ने बंदियों के खिलाफ डकैती व जनलेवा हमले के मुकदमे दर्ज कराए थे। दोनों मुकदमों में बंदी शिवम के घायल होने का उल्लेख किया गया। जेलर अखिलेश कुुमार की सूचना पर बंदी शिवम की मौत की सूचना दर्ज कर पोस्टमार्टम कराया गया था। पोस्टमार्टम में गोली लगने से पुष्टि हुई थी।
फतेहगढ़ कोतवाल जय प्रकाश पाल ने जेल में तमंचा कारतूस बरामद होने का मुकदमा दर्ज कराया था। तीनों मुकदमों की जांच सीओ कायमगंज सोहराब आलम कर रहे हैं। विवेचक ने बुधवार को तीसरी बार जिला जेल में जाकर जांच की। वादी सीओ सिटी प्रदीप सिंह को भी बुलाया। सूत्रों के मुताबिक बंदी शिवम की मौत के मामले को पुलिस जेलर की ओर से दर्ज कराए गए मुकदमे में समाहित कर लिया है। विवेचक सीओ कायमगंज सोहराब आलम ने मुकदमा समाहित करने के संबंध में बताने से इनकार कर दिया। कोतवाल जय प्रकाश पाल ने बताया कि बंदी की मौत की फौती सूचना जेलर की ओर से दी गई थी।
नए जेल अधीक्षक ने ली उपद्रव की जानकारी
फर्रुखाबाद। मऊ जेल से स्थानांतरण पर आए अधीक्षक भीमसेन मुकुंद ने बुधवार शाम को जिला जेल पहुंचकर कार्यभार ग्रहण कर लिया। इसके बाद उन्होंने जेलर व दोनों डिप्टी जेलरों से परिचय प्राप्त किया। इसके जेल में सात नवंबर को हुए घटनाक्रम की जानकारी ली। बंदियों की संख्या व स्टाफ के बारे में पूछताछ की। इसके बाद वह अपने आवास पर चले गए। जेलर अखिलेश कुमार ने बताया कि अधीक्षक ने कार्यभार ग्रहण कर लिया है। (संवाद)