फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

राम मंदिर के चबूतरे की पहली लेयर का काम पूरा

विज्ञापन
विज्ञापन
अयोध्या। राममंदिर की 50 गहरी नींव के ऊपर 21 फीट ऊंचे चबूतरे (प्लिंथ) के पहली लेयर का काम पूरा हो गया है। सात लेयर में प्लिंथ का निर्माण किया जाना है।
विज्ञापन

जून तक प्लिंथ निर्माण का काम पूरा करने की तैयारी है। इसके बाद गर्भगृह को आकार देने का काम शुरू होगा। एक लेयर का निर्माण कार्य पूरा होने के बाद दूसरी लेयर का काम प्रारंभ कर दिया गया है।
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य डॉ.अनिल मिश्र ने बताया कि प्लिंथ निर्माण का काम 24 जनवरी को पूजन के साथ शुरू हुआ था। इसके निर्माण में ग्रेनाइट के पत्थरों का इस्तेमाल किया जा रहा है।
विज्ञापन

अब तक 17 हजार ग्रेनाइट पत्थर आ चुके हैं। बताया कि प्लिंथ निर्माण के काम में तेजी लाने के लिए अब मशीनों की संख्या बढ़ा दी गई है। चार टावर क्रेन के जरिए प्लिंथ की लेयर ढालने का काम चल रहा है। प्रतिदिन करीब 80 से 100 पत्थर लगाए जा रहे हैं।
उन्होंने बताया कि प्लिंथ निर्माण में करीब छह महीने लगेंगे। ऐसे में संभावना है कि जून माह तक प्लिंथ का काम पूरा हो जाएगा। ट्रस्ट ने दिसंबर 2023 में रामलला को भव्य गर्भगृह में विराजमान करने का लक्ष्य बना रखा है।
बताया कि राममंदिर तीन मंजिला होगा। गर्भगृह में रामलला विराजेंगे। इसके बाद पहले तल पर रामदरबार की स्थापना की जाएगी। जिसमें भगवान राम सहित चारों भाई, माता सीता व हनुमान जी को विराजित किया जाएगा।
दूसरे तल का किस तरह उपयोग करना है इसको लेकर ट्रस्ट अभी मंथन करने में जुटा हुआ है। राममंदिर न सिर्फ भव्यता बल्कि तकनीक के मामले में भी दुनिया के चुनिंदा मंदिरों में शामिल होगा।
राममंदिर को प्राकृतिक आपदाओं से सुरक्षित रखने के लिए राममंदिर के तीन तरफ रिटेनिंग वॉल का निर्माण कराया जाना है। अभी पश्चिम दिशा में रिटेनिंग वॉल का निर्माण चल रहा है।
रिटेनिंग वॉल 12 मीटर गहरी होगी, जो कि मंदिर को प्राकृतिक आपदाओं से सुरक्षित रखने में अहम भूमिका निभाएगी। राममंदिर के ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्र ने बताया कि बरसात से पूर्व रिटेनिंग वॉल के लिए खोदे गये गहरे गड्ढों को भरने का काम पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद दक्षिण व उत्तर दिशा में वॉल निर्माण का काम प्रारंभ होगा।
विज्ञापन

राममंदिर की संरचना
कुल क्षेत्रफल 2.7 एकड़
कुल निर्मित क्षेत्र 57400 स्क्वायर फुट
मंदिर की लंबाई 360 फुट
मंदिर की चौड़ाई 235 फुट
मंदिर की ऊंचाई 161 फुट
कुल तल 03
प्रत्येक तल की ऊंचाई 20 फुट
भूतल में स्तंभों की संख्या 160
प्रथम तल में स्तंभों की संख्या 132
दूसरे तल में स्तंभों की संख्या 74
मंदिर में शिखर एवं मंडप की संख्या 05
मंदिर में द्वारों की संख्या 12
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें