इटावा। वर्ष 2025 तक देश को टीबी मुक्त बनाने के लिए दस्तक अभियान के तहत टीबी रोगियो की खोज की गई। जिले में 95 बच्चे टीबी से पीड़ित पाए गए। इनके उचित पोषण के लिए रेडक्रास सोसाइटी ने 50 बच्चों को और स्वास्थ्य विभाग की ओर से सीएमओ, डिप्टी सीएमओ और डॉक्टरों ने 45 बच्चों को गोद लिया है।
रेडक्रास भवन में मंगलवार को सीएमओ डॉ. भगवान दास ने टीबी ग्रसित 50 बच्चों को रेडक्रास भवन पर पुष्टाहार वितरित किया। शीतगृह एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश अरोरा और सदस्य श्रीनिवास वर्मा ने वित्तीय सहायता प्रदान कीं। सीएमओ ने कहा रेडक्रास सोसाइटी की ओर से उठाया गया यह कदम बहुत ही सराहनीय है।
जिला क्षय रोग अधिकारी बीएल संजय ने बताया बच्चों में टीबी के लक्षण जान पाना और इलाज करवाना चुनौतीपूर्ण कार्य है। बच्चों में वयस्कों की तुलना में रोग प्रतिरोधक क्षमता काफी कम होती है। बच्चों का वजन कम होने लगे, भूख कम लगने लगे, दो सप्ताह से अधिक खांसी, बुखार, रात को पसीना आए तो अनदेखा नहीं करना चाहिए। इसकी तुरंत जांच करानी चाहिए। रेडक्रास सोसाइटी के चेयरमैन डा. केके सक्सेना ने बताया दो साल में 123 बच्चों को रेडक्रास गोद ले चुकी है। समय-समय पर पुष्टाहार वितरण करने के साथ अन्य सुविधाएं भी प्रदान की गई हैं। डिप्टी सीएमओ डॉ. अवधेश, जिला समन्वयक कंचन तिवारी, रेडक्रास सोसायटी के सचिव हरिशंकर, कोषाध्यक्ष विजय शंकर, राजेश वर्मा, संजय सक्सेना, आशीष दीक्षित, अभिनंदन जैन, सुभाष चंद्र जैन, धर्मेंद्र जैन, चित्रा परिहार, मनोज तिवारी, जितेंद्र कुमार और रेडक्रास वॉलिंटियर्स ने सहयोग प्रदान किया।