इटावा। बसरेहर विकासखंड क्षेत्र की ग्राम पंचायत रजपुरा तोताराम साला के पास रविवार रात बिलंदा रजबहा की खंदी फटने से करीब 100 बीघा गेहूं, आलू और सरसों की फसल जलमग्न हो गई। सिंचाई विभाग की लापरवाही के चलते किसानों को काफी नुकसान उठाना पड़ा है।
किसान रजपाल सिंह की 10 बीघा, उदल सिंह 4 बीघा, महाराज सिंह 8 बीघा, जय सिंह 7 बीघा, रामसिंह 4 बीघा, राधेश्याम 4 बीघा, इंदर सिंह 3 बीघा, विकास 3 बीघा, शैलेश कुमार 10 बीघा, पटवारी लाल 3 बीघा, महेंद्र सिंह 8 बीघा, विनोद कुमार की 2 बीघा फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई। वहीं अन्य किसानों का भी नुकसान हुआ है। किसानों का कहना है बिलंदा रजबहा की जेसीबी से सफाई करवाई गई थी। सफाई के नाम पर खानापूर्ति की गई, इसलिए बंबा की पटरी फट गई। सोमवार सुबह करीब पांच बजे खेत देखने निकले किसानों को खंदी फटने की जानकारी हुई। किसानों ने मिलकर खंदी बंद की।
लोहिया माइनर से निकलने वाले बंबा का पानी बिलंदा रजबहा में गिरने से पानी ओवरफ्लो हो गया। किसान विनोद यादव, उदल सिंह, राकेश कुमार, पप्पू भैया, गिरीश चंद्र, महेश, राजेंद्र, महेंद्र सिंह, धर्म प्रकाश, राम प्रकाश, हरबिलास आदि किसानों का कहना है कि लोहिया माइनर को निरस्त किया जाए तो ही फसल बच सकती है। किसानों ने कहा कि यदि प्रशासन ने ध्यान न दिया तो मुख्यालय पर अधिकारियों का घेराव किया जाएगा।
कायत की है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।