फोटो संख्या 07: जिला अस्पताल परिसर में जलभराव
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इटावा। शुक्रवार को जिले में करीब चार घंटे हुई मूसलाधार बारिश से लोगों की मुसीबतें और ज्यादा बढ़ गईं हैं। पिछले तीन दिनों की अपेक्षा शुक्रवार को अब तक की सबसे तेज बारिश हुई। वाहन चालकों को हेड लाइट जलाकर चलना पड़ा। मंगलवार और बुधवार को मूसलाधार बारिश होने के बाद बृहस्पतिवार को बारिश का दौर हल्का पड़ा छा। लेकिन शुक्रवार को सुबह सवा दस बजे के बाद मूसलाधार बारिश का जो दौर शुरू हुआ, वह चार घंटे बाद करीब ढाई बजे ही बंद हुआ।
बारिश की वजह से बाजार का हाल बेहाल रहा। पक्का तालाब चौराहा से नौरंगाबाद पुलिस चौकी की ओर जाने वाले मार्ग पर चाणक्य होटल के पास नीम का बड़ा पेड़ धराशायी हो गया। जबकि नौरंगाबाद चौराहा से लेकर स्टेशन की ओर जाने वाली सड़क पर अरविंद पुल की दीवार गिर गई। इस वजह से पुल का आधा हिस्सा ध्वस्त हो गया। बजाजा लाइन में सड़क से पानी बहने की वजह से कई दुकानों में पानी भर गया। इसके अलावा गली मोहल्लों में भी जलभराव होने से लोगों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। बारिश की वजह से रामनगर में सड़क पानी के तेज बहाव में कट गई, पानी घरों के अंदर व गली में भर गया। मैनपुरी रोड स्थित अंडरपास में और भी ज्यादा जलभराव हो गया। लोगों को आने जाने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
बारिश के पानी के कारण पुरविया टोला में मातन मंदिर के बगल से निकला बड़ा नाला उफान पर था। इस वजह से बारिश के दौरान नाले का पानी घरों की सीढ़ियों को छू रहा था। जलभराव की बात करें तो जिला अस्पताल, विकास भवन परिसर, प्रधान डाकघर समेत अन्य कई सरकारी कार्यालयों व मैदानों में अच्छा खासा पानी भर गया। कई दिनों की बारिश की वजह से पक्के मकानों की छतों से पानी टपकने लगा। रेलवे स्टेशन परिसर व कई कार्यालयों की छतें भी पानी से टपकतीं रहीं।