सैफई। दो दिन के अवकाश के बाद सोमवार को सैफई मेडिकल यूनिवर्सिटी की ओपीडी खुली तो सुबह से ही मरीजों की लंबी कतार लगना शुरू हो गई। सोमवार को ओपीडी में 200 से ज्यादा बुखार के मरीज उपचार के लिए पहुंचे।
इनमें से 17 मरीजों को डेंगू की पुष्टि होने अस्पताल में भर्ती किया गया। जबकि, डेंगू के 18 मरीजों को अस्पताल से छुट्टी दी गई। दो अक्तूूबर और रविवार का अवकाश होने की वजह से सैफई मेडिकल यूनिवर्सिटी की ओपीडी बंद थी। दो दिन की छुट्टी के चलते मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ी।
सोमवार की सुबह सात बजे जैसी ही ओपीडी खुली, तो मरीजों की लाइन लग गई। मरीजों के साथ उनके तीमारदार भी पहुंचे। इससे यूनिवर्सिटी में भीड़ नजर आने लगी। कोई पर्चा बनवाने वाले काउंटर पर लगा था, तो कोई चिकित्सकों को दिखाने वाली कतार में।
वहीं कुछ लोग दवा लेने के लिए लाइन में लगे थे। सबसे अधिक मेडिसन विभाग की ओपीडी में लगी थी। इनमें सबसे ज्यादा बुखार के मरीज लाइन में लगे थे। हालांकि, ओपीडी में दो कमरों में बैठकर डॉक्टर मरीजों को देख रहे थे, ताकि जल्दी से मरीजों का उपचार हो सके।
साथ ही मरीजों को किसी भी प्रकार की समस्या न हो। दोपहर 2 बजे तक मरीजों को ओपीडी में देखा गया। चिकित्सा अधीक्षक प्रोफेसर डॉ. आदेश कुमार ने बताया कि सोमवार को 17 डेंगू मरीज भर्ती हुए। इनमें सात मरीज इटावा जिले के हैं।
वर्तमान में 51 डेंगू के मरीज भर्ती हैं, जिनमें 26 मरीज इटावा जिले के हैं। ओपीडी में सोमवार को बुखार के 200 से ज्यादा मरीज देखे गए। मलेरिया का कोई मरीज नहीं मिला है।