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अव्यवस्था: महिला अस्पताल में मरीजों को दोपहर तक नही मिली दवा

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एटा। मेडिकल कॉलेज में उच्चीकृत होने के बावजूद दोनों जिला अस्पतालों की व्यवस्थाएं नहीं सुधर पा रही हैं। जिला महिला अस्पताल में शनिवार को दोपहर तक दवा नहीं मिली। लंबी कतारों में धक्के खाते हुए महिला मरीजों ने डॉक्टरों से उपचार तो लिखा लिया। लेकिन दवा काउंटर पर कोई कर्मचारी नहीं मिला। दोपहर बाद कर्मचारी ने पहुंचकर दवा वितरण शुरू किया। लेकिन तब तक अधिकांश मरीज भटकने के बाद खाली हाथ लौट गईं।
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महिला जिला अस्पताल के प्रांगण में बनी मेटरनिटी विंग में मेडिकल कॉलेज की फैकल्टी ओपीडी करने लगी है। शनिवार को ओपीडी में मरीजों को चिकित्सकों ने देखा और दवा लिख दी। जब मरीज दवा लेने के लिए दवा काउंटर पर पहुंचे तो यह बंद मिला। इस दौरान मरीज व तीमारदार दवा के लिए इधर-उधर चक्कर काटते रहे। दवा न मिलने पर कई मरीज बिना दवा के ही अस्पताल प्रशासन को कोसते हुए वापस चले गए।
शिकायत पर शुरू हुआ दवा का वितरण
काफी देर बाद भी दवा नहीं बांटी गई तो कुछ मरीज ने अधिकारियों से शिकायत की। अधिकारियों ने मामले का संज्ञान लेते हुए कर्मचारियों को दवा वितरित करने के निर्देश दिए। दोपहर लगभग 12 दवा का वितरण शुरू हुआ। हालांकि सुबह 8 बजे से ओपीडी शुरू होती है और दोपहर 12 बजे तक अधिकांश मरीज वापस जा चुके थे।
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एक फार्मासिस्ट की दो जगह लगा दी ड्यूटी
महिला अस्पताल में एक फार्मासिस्ट की ड्यूटी दवा काउंटर के अलावा मेटरनिटी विंग में भी लगा दी गई। जहां फार्मासिस्ट ने मेटरनिटी विंग में दवाओं को पहुंचाया। इसके चलते दवा काउंटर बंद रहा।
सिर में दर्द की समस्या है। नौ बजे आकर चिकित्सक को दिखाया। उन्होंने दवा लिख दी। लेकिन कांउटर बंद है। एक घंटे से दवा के लिए भटक रहे हैं। अब तक नहीं मिली है।
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कुंती, एमपी नगर
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बेटी की दवा लेने आए हैं। चिकित्सक ने जांच के लिए लिखा तो बाहर पैथालॉजी पर जांच करानी पड़ी। अब दवा भी यहां नहीं मिल रही है।
अमित कुमार, सराय जवाहरपुर
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काउंटर पर दवा का वितरण न होने की जानकारी मिली थी। जिस पर दूसरे कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई। फार्मासिस्ट से स्पष्टीकरण लिया जाएगा।
डॉ. अशोक कुमार, सीएमएस जिला महिला अस्पताल
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