एटा। जिले के ग्रामीण अंचलों में सड़कों के जाल को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया जा रहा है। जिले के 48 गांवों के लोगों को जल्द ही टूटी-फूटी व घुमावदार सड़कों की परेशानी से राहत मिलेगी।
त्वरित आर्थिक विकास योजना के तहत इन गांवों को मुख्य मार्गों से जोड़ने के लिए सीधी और सुगम सड़कों का निर्माण प्रस्तावित किया गया है। इसके लिए ग्रामीण अभियंत्रण विभाग ने विस्तृत कार्य योजना तैयार कर शासन को भेज दी है।
ग्रामीण अभियंत्रण विभाग ने जिले के विधायकों व सांसदों से प्राप्त प्रस्तावों के आधार पर उन गांवों का चयन किया है, जहां सड़कें जर्जर हैं या मुख्य मार्ग तक पहुंचने के लिए ग्रामीणों को लंबा व कठिन रास्ता तय करना पड़ता है।
मंगलवार को ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के सहायक अभियंता अनुज कुमार ने बताया कि चयनित 48 गांवों में संपर्क मार्ग और कट मार्गों का निर्माण किया जाएगा, जिससे गांवों की सीधा जुडाव मुख्य सड़कों से स्थापित हो सके। इन सभी गांवों में कुल 58.95 किलोमीटर लंबी सड़कों का निर्माण प्रस्तावित है। इसके लिए लगभग 4.80 करोड़ रुपये के बजट की आवश्यकता होगी।
यह प्रस्ताव शासन को भेजा जा चुका है और जल्द ही बजट स्वीकृति की उम्मीद है। कहा कि नई सड़कों के बन जाने से ग्रामीण क्षेत्रों के विकास की रफ्तार बढ़ेगी। वर्तमान में कई गांवों के निवासियों को मुख्य सड़क तक पहुंचने के लिए अनावश्यक दूरी तय करनी पड़ती है जिससे निजात मिल सकेगी।