एटा। अपहरण के बाद एक किशोरी से दुष्कर्म के मामले में शुक्रवार को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट नरेंद्र पाल राणा की अदालत में फैसला सुनाया गया। दोषी पाए गए जितेंद्र कुमार निवासी कवार थाना सकीट को 20 साल के कठोर कारावास और 80 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित करने का आदेश दिया गया है।
किशोरी के पिता ने 27 मई 2019 को थाना सकीट में दर्ज कराई थी। आरोप था कि जितेंद्र सिंह उनकी 16 वर्षीय पुत्री को बहला-फुसलाकर ले गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर किशोरी व आरोपी की तलाश शुरू की। अगले ही दिन उसको बरामद कर लिया गया। 29 मई को उसका मेडिकल परीक्षण कराया गया। मेडिकल रिपोर्ट और पीड़िता के बयानों के आधार पर दुष्कर्म की पुष्टि हुई। धाराएं बढ़ाकर पुलिस ने विवेचना कर न्यायालय में आरोपपत्र प्रस्तुत कर दिया।
किशोरी से दुष्कर्म के मामले में 20 साल की सजा
एटा। किशोरी से दुष्कर्म के एक अन्य मामले में विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट सारिका गोयल ने भी शनिवार को फैसला सुनाया। इस मामले की रिपोर्ट थाना जैथरा में राजू निवासी गांव भीमनगर थाना कंपिल जिला फर्रुखाबाद के खिलाफ किशोरी के पिता ने दर्ज कराई थी। 9 अक्तूबर 2019 को किशोरी को ले जाने का आरोप लगाया था। किशोरी के बरामद होने के बाद दुष्कर्म की पुष्टि हुई। अदालत ने दोनों पक्षों की सुनवाई पूरी होने के बाद राजू को दोषी पाते हुए 20 साल के कठोर कारावास और 55 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित करने का आदेश दिया है। संवाद