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बेटी ने रची खुद के अपहरण की साजिश, बाप से मांगे 25 लाख

Wed, 19 Jun 2013 12:51 PM IST
आगरा/ब्यूरो
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ऐशो आराम के लिए एक बेटी ने खुद के अपहरण की साजिश रचकर पिता से 25 लाख रुपये की फिरौती की मांग कर डाली। साजिश में उसने अपने प्रेमी को शामिल किया। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी छात्रा को थाने से जमानत दे दी।
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एसएसपी सुभाष चंद दुबे ने बताया कि न्यू आगरा इंद्रपुरी निवासी अशोक गुप्ता ने 16 जून को रिपोर्ट दर्ज कराई कि उनकी बेटी संगीता गुप्ता दोपहर में दयालबाग प्रतियोगिता परीक्षा देने गई तो लौटी नहीं। उसी रात 11.30 बजे संगीता के मोबाइल से उनके पास 25 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई।

अपहरणकर्ता ने कहा कि उसका इरादा बेटे को अगवा करने का था। न्यू आगरा में अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच क्राइम ब्रांच को सौंप दी गई। एसएसपी ने बताया कि अपहरणकर्ता ने फिरौती की रकम भरतपुर( राजस्थान) में मांगी थी।
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मंगलवार सुबह तीन बजे पुलिस ने भरतपुर में केंद्रीय बस स्टैंड के पास से अजीत पुत्र नवल किशोर शर्मा निवासी आदर्श विहार कालोनी रुकनपुरा थाना दानापुर पटना बिहार और कथित अपहृत संगीता को गिरफ्तार किया।

एसएसपी ने बताया कि संगीता और अजीत दिल्ली में एक साथ आईपीएस की तैयारी कर रहे हैं। दोनों में प्रेम संबंध है। संगीता ने पीसीएस प्री की परीक्षा भी पास कर ली है। वहीं अजीत एनजीओ खोल रहा है। दोनों ऐश-ओ-आराम की जिंदगी व्यतीत करना चाहते थे। संगीता ने अपने ही पिता से रुपये ऐंठने के लिए षड्यंत्र रचा और प्रेमी को भी इसमें शामिल किया।

संगीता परीक्षा देने पिता के पास आगरा आई। इसके बाद वह घर से एक्टीवा से परीक्षा देने के लिए निकली। रास्ते में एक्टीवा छोड़ कर वह बस से मथुरा चली गई। अजीत दिल्ली से वहां पहले से आया था। वहां से दोनों बस से रात में भरतपुर और वहां से जयपुर गए। इसी बीच संगीता के कहने पर अजीत ने फोन कर फिरौती मांगी।

कहानी में झोल तो नहीं

आरोपी अजीत एसएसपी के सामने फिरौती के लिए फोन करने की बात से इनकार करता रहा। उसका कहना था कि संगीता और वह एक दूसरे को पसंद करते हैं।

संगीता के कहने पर ही वह मथुरा आया था। अजीत के इस बयान के बाद पूरे मामले में गड़बड़झाला नजर आ रहा है। वहीं एसएसपी और न्यू आगरा इंस्पेक्टर के बयानों में भी विरोधाभास है।
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जहां एसएसपी घटना वाले दिन मुकदमा दर्ज करने की बात कह रहे हैं, वहीं इंस्पेक्टर ने 17 जून को अपहरण का मुकदमा दर्ज करने की बात बताई।
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