चित्रकूट। डाकू गौरी यादव के साथी 25 हजार के इनामी भालचंद्र की एसटीएफ व पुलिस टीम से मुठभेड़ में मौत के मामले में फिलहाल अदालत के आदेश के बावजूद पुलिस टीम पर रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई है। मंगलवार को अदालत ने तथ्यों पर चर्चा के बाद बहिलपुरवा थाना प्रभारी की लापरवाही पर फटकार लगाई। एसपी को पत्र जारी कर थाना प्रभारी के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा अगली सुनवाई की तारीख 15 नवंबर तय की है।
गौरतलब है कि 31 मार्च को बहिलपुरवा थाना क्षेत्र के माड़ो बांध के पास एसटीएफ व पुलिस के साथ 25 हजार के इनामी पड़वनिया गांव निवासी भालचंद्र की मुठभेड़ हुई थी। जिसमें भालचंद्र मारा गया था और उसके भाई को तमंचा समेत पकड़कर पुलिस ने जेल भेजा था। मृतक भालचंद्र डाकू गौरी गैंग का सक्रिय सदस्य व डाकू सरगना का रिश्ेतदार था मृतक की पत्नी नथुनिया ने अदालत में इस मुठभेड़ पर सवाल उठाए थे। जिस पर अदालत ने तत्कालीन एसपी समेत 17 एसटीएफ व पुलिसकर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिए थे। इसी मामले में अधिवक्ता राजेंद्र यादव ने बताया कि मंगलवार को अदालत ने आदेश के बाद भी रिपोर्ट दर्ज न किये जाने पर बहिलपुरवा थाना प्रभारी की कार्यशैली को लेकर फटकार लगाई है। एसपी को पत्र जारी कर थाना प्रभारी पर कार्रवाई करने और अगली तारीख में थाना प्रभारी को अदालत में स्वयं प्रस्तुत होने के निर्देश दिए हैं। अगली सुनवाई 15 नवंबर की तारीख तय की गई है।