चकिया ब्लाक परिसर में आयोजित सामूहिक विवाह समारोह में बैठे वर-वधू। संवाद
- फोटो : CHANDAULI
स्थानीय विकास खंड परिसर में बने विशाल पंडाल में वैदिक मंत्रोच्चार और कुरान की आयतों के बीच 57 हिंदू और दो मुस्लिम जोड़े एक दूजे के हुए। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत शुक्रवार को विवाह के बाद गणमान्य लोगों ने नवजोड़ों को आशीर्वाद दिया।
विवाह समारोह के मुख्य अतिथि विधायक शारदा प्रसाद ने कहा कि भारतीय संस्कृति में विवाह एक संस्कार माना गया है। कन्यादान विश्व का सर्वश्रेष्ठ दान है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना कार्यक्रम के तहत गरीबों का विवाह कराया जा रहा है। इसमें उपहार भी दिए जा रहे हैं। जो सरकार की गरीब कल्याण की मनसा को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि सरकार बनने पर यह समारोह आगे भी जारी रहेगा तथा गरीब कल्याण की योजनाएं और विस्तार लेगी। इस अवसर पर विवाह मंडप में 57 हिंदू जोड़ों का विवाह कर्मकांडी पंडित विजयानंद द्विवेदी एवं दो मुस्लिम जोड़ों का निकाह मौलवी ने कराया। इस अवसर पर खंड विकास अधिकारी सुदामा यादव, ब्लॉक प्रमुख शंभूनाथ यादव, विधायक प्रतिनिधि अश्वनी दुुबे, सांसद प्रतिनिधि कैलाशनाथ दुबे, पूर्व ब्लाक प्रमुख शिवेंद्र प्रताप सिंह, प्रधान सत्यप्रकाश गुप्ता, मुकेश साहनी, एडीओ पंचायत सत्येंद्र श्रीवास्तव रहे। समारोह का संचालन ब्लॉक कर्मी नवीन सोनकर ने किया।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत शुक्रवार को विकास खंड परिसर में आयोजित सामूहिक विवाह समारोह के दौरान वर वधू के परिजनों के साथ तमाम जनप्रतिनिधियों एवं लोगों की भारी भीड़ जमा रही। इस दौरान सैनिटाइजेशन सोशल डिस्टेंसिंग जैसे कोविड नियम तार तार नजर आए। इसकी चर्चा समारोह के दौरान होती रही।
सामूहिक विवाह समारोह के दौरान विकास खंड के प्रीतपुर गांव के निवासी नाबालिक लड़की की शादी होने की चर्चा आम चर्चाओं के अनुसार लड़की की शादी की अभी उम्र नहीं थी। आधार कार्ड में लड़की की जन्म तिथि 2004 दर्शाई गई है। जिससे लड़की की आयु अभी 18 वर्ष पूरी न होने की चर्चाएं थी। देश में शादी के लिए सरकार द्वारा 18 वर्ष से कम उम्र की लड़की तथा 21 वर्ष से कम उम्र के लड़के की शादी अपराध की श्रेणी में आती है। ऐसे में नाबालिग की शादी होने को कानून का उल्लंघन माना जा रहा है। इस संबंध में खंड विकास अधिकारी सुदामा यादव ने कहा कि यह मामला उनके संज्ञान में नहीं है। यदि ऐसा है तो जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत वर-वधू को दिए जाने वाले उपहारों की क्वालिटी घटिया होने का आरोप लगाते हुए परिजनों ने नाराजगी जताई।