सौगात: 25 प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों के बनेंगे भवन
बुलंदशहर। शासन ने जिले में बेसिक शिक्षा विभाग के प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों के भवन बनाने को हरी झंडी दे दी है। इनमें 16 प्राथमिक और नौ उच्च प्राथमिक विद्यालय शामिल हैं। इसके लिए सर्व शिक्षा अभियान की ओर से सभी स्कूलों के भवन बनाने के लिए राशि जारी की गई है।
बेसिक शिक्षा अधिकारी के अनुसार शासन ने जिले के 25 प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों में नए भवन बनाने को स्वीकृति दी है। भवन निर्माण के लिए सर्व शिक्षा अभियान की ओर से राशि जारी की गई है। शासन से हरी झंडी मिलते ही प्रत्येक विद्यालय के लिए 4.70-4.70 लाख रुपये की पहली किस्त जारी कर दी है। एक प्राथमिक विद्यालय के भवन निर्माण पर 11.42 लाख और उच्च प्राथमिक विद्यालय के भवन निर्माण पर 18.79 लाख से अधिक खर्च होंगे। उन्होंने दावा किया कि इन सभी विद्यालयों के नए भवन का निर्माण जल्द करा दिया जाएगा। स्वीकृत की गई राशि से स्कूल के भवनों में कमरे, बरामदा, चहारदीवारी, शौचालय आदि सभी काम होंगे।
इन स्कूलाें के बनाए जा रहे हैं नए भवन
विभागीय अधिकारियों के अनुसार बुलंदशहर क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय मानकपुर, अकबरपुर और ग्यासपुर, ब्लॉक दानपुर के गांव नयाबांस, गुलावठी के गांव फकराना, जहांगीराबाद के गांव प्रेमनगर, खुर्जा के गांव खलसिया चूहरपुर और दोषपुर, पहासू के गांव जीराजपुर और लूधपुरा, शिकारपुर के गांव मोहम्मपुर गिनौरी, स्याना क्षेत्र के गांव बरोली वासुदेवपुर एवं सिकंदराबाद ब्लॉक के गांव इनायतगढ़ी, मधुगढ़ी, तिल की मढैया और सुनपेड़ा में बन रहे हैं। जबकि उच्च प्राथमिक विद्यालय ब्लॉक अनूपशहर के गांव मलकपुर और अनीवास, दानपुर के गांव भीमपुर, जहांगीराबाद का गांव परवाना, लखावटी का गांव औरंगाबाद, शिकारपुर का गांव याकूबपुर एवं बीबीनगर के गांव अहमदानगर में बनेंगे। ब्लॉक बुलंदशहर के गांव दरियापुर में दो उच्च प्राथमिक स्कूलों के भवन का निर्माण होगा।
इन सभी स्कूलों के भवन हो गए थे जर्जर
विभागीय अधिकारियाें ने बताया कि जिन स्कूलों में नए भवन बनाए जा रहे हैं उनके भवन जर्जर हो गए थे। इन सभी के जर्जर भवनों को ध्वस्त कर दिया गया है। विभागीय अफसरों ने बताया कि जिले में अब तक 250 से अधिक स्कूलों के भवन जर्जर हो चुके हैं। इनमें से 200 से अधिक जर्जर भवनों को ध्वस्त करा दिया गया है। जबकि शेष भवनों को ध्वस्त करवाने की कार्रवाई अंतिम चरण में है। अफसरों का यह भी कहना है कि जहां भी जर्जर भवनों को ध्वस्त किया गया है उनके बच्चों को दूसरे पास वाले स्कूल में पढ़ाने की व्यवस्था की गई है।
शासन ने ध्वस्त हो चुके 25 जर्जर भवनों के स्थान पर नए भवन बनाने के लिए स्वीकृति दे दी है। इन पर खर्च होने वाली राशि में से पहली किस्त भी जारी कर दी है। इनका निर्माण कार्य जल्द शुरू होगा। इसके बाद शासन से उन स्कूलाें के भवन भी दोबारा बनाने के आदेश जारी किए जाएंगे जो ध्वस्त करवाए जा चुके हैं। - अखंड प्रताप सिंह, बेसिक शिक्षा अधिकारी।