लखीमपुर खीरी कांड पर सियासी उबाल
बुलंदशहर। लखीमपुर खीरी की घटना के विरोध में कालाआम चौराहे पर सुबह 11 बजे से किसान संगठन और राजनीतिक दलों के लोग पहुंचने शुरू हो गए। शाम करीब चार बजे तक कालाआम चौराहे पर प्रदर्शन चलता रहा। दिल्ली रोड और कलक्ट्रेट रोड पर सपा, कांग्रेस, रालोद और आम आदमी पार्टी के पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं ने जाम लगा दिया। भारतीय किसान सभा के पदाधिकारियों ने कलक्ट्रेट गेट पर प्रदर्शन करते हुए मृतकों को मुआवजा देने की मांग की। इस दौरान लोगों को जाम के चलते परेशानी का भी सामना करना पड़ा।
काला आम पर प्रदर्शन करते हुए सपा जिलाध्यक्ष राहुल यादव व पूर्व विधायक मुकेश शर्मा ने कहा कि केंद्रीय गृह राज्यमंत्री के बेटे ने प्रदर्शन करने वाले किसानों की हत्या की है। जिससे साफ है कि सरकार और उसके मंत्री किसान विरोधी हैं। इस दौरान शुजात आलम, आस मोहम्मद, विजय त्यागी, अमन चौधरी, हिमायत अली मौजूद रहे। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी को हिरासत में लेने और पीड़ित परिवारों से मिलने से रोकने का विरोध किया। कांग्रेस के प्रदेश सचिव और जिला प्रभारी डॉ. शोएब, नरेंद्र सिंह, जियाउर्रहमान, शकील अहमद, देवरंजन नागर मौजूद रहे। आम आदमी पार्टी के जिलाध्यक्ष शैलेन्द्र सिंह लोधी ने कहा कि भाजपा सरकार केवल पूंजीपतियों की सरकार है। इस दौरान प्रदेश उपाध्यक्ष विकास शर्मा, संजय मित्तल, सत्यवीर सिंह, कौशल शर्मा आदि मौजूद रहे। स्याना से पूर्व विधायक दिलनवाज खान ने कहा कि सरकार किसान विरोधी है। क्षेत्रीय महासचिव अनु चौधरी, जिलाध्यक्ष अरुण चौधरी डॉ. भीष्म सिंह, फुरकान अली, बबलू खान, फरमान अली मौजूद रहे।
2022 में सरकार को मिलेगा तानाशाही का जवाब
भाकियू महाशक्ति के प्रदेश उपाध्यक्ष संजय शर्मा ने कहा कि किसानों पर लगातार अत्याचार कर रही सरकार को 2022 के विधानसभा चुनावों में जवाब मिलेगा। जल्द ही भाकियू महाशक्ति पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने के लिए प्रदेश में प्रदर्शन करेगी। मौके पर जगत सिंह सिसौदिया, सुनील सिंह, पिंटू राघव, सुभाष, प्रेमपाल, कुलदीप मौजूद रहे।
भारतीय किसान संघ और भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक ने भी कलक्ट्रेट गेट पर धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान भाकियू अराजनैतिक के अनिल कुमार ने किसानों को संबोधित किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन एडीएम प्रशासन और एसपी सिटी को सौंपा। जगदीश, रामदास, सतपाल सिंह, विरेंद्र सिंह, कामरेड सुरेश चंद, कामरेड मेघराज सिंह, कामरेड हिम्मत सिंह उपस्थित रहे।
दिनभर जाम से जूझते रहे लोग
सोमवार को राजनीतिक पार्टियों और किसानों के प्रदर्शन के कारण दिनभर शहर की सड़कों पर जाम लगा रहा। प्रदर्शन के दौरान करीब 250 पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई थी। कालाआम चौराहे के चारों रास्ते बंद किए जाने से पुलिस ने मेरठ बस स्टैंड के पास से डीएम रोड की ओर, जबकि दिल्ली रोड के लिए शनिदेव मंदिर रोड होते हुए, अस्पताल रोड की ओर ईदगाह रोड से निकलने वाली गली से होकर ट्रैफिक निकाला। गलियां छोटी होने और भीड़ अधिक होने से वहां भी जाम की स्थिति बनी रही। कचहरी रोड, शनिदेव मंदिर रोड, डीएम रोड, काली नदी रोड, अस्पताल रोड, चांदपुर रोड पर वाहनों का दबाव अधिक रहा।