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बच्चों को दूध और फल न देने पर नपा पूरा स्टाफ

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बच्चों को दूध और फल न देने पर नपा पूरा स्टाफ
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बुलंदशहर। अरनिया क्षेत्र के गांव सेंदा फरीदपुर स्थित प्राथमिक विद्यालय में बच्चों को दूध व फल नहीं देने पर बीएसए ने स्कूल के पूरे स्टाफ के खिलाफ कार्रवाई की है। स्कूल के सभी शिक्षकों पर स्कूल से लगातार अनुपस्थित रहने और कंपोजिट ग्रांट की राशि का ब्योरा न देने का भी आरोप है।
बेसिक शिक्षा अधिकारी अखंड प्रताप सिंह ने बताया कि अरनिया क्षेत्र के गांव सेंदा फरीदपुर स्थित प्राथमिक विद्यालय के शिक्षकों की लापरवाही की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इस पर क्षेत्र के एबीएसए द्वारा जांच करवाई गई। जांच के दौरान सामने आया कि स्कूल के बच्चों को मिड-डे-मील में शामिल दूध और फल नहीं दिए जा रहा था। सभी शिक्षक स्कूल से लगातार अनुपस्थित चल रहे थे। जांच के दौरान एबीएसए ने जब कंपोजिट ग्रांट की राशि की जानकारी मांगी तो एक भी शिक्षक इस संबंध में सही जानकारी नहीं दे सका। एबीएसए की जांच रिपोर्ट पर प्रधान अध्यापक राजकुमार राघव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। जबकि शिक्षिका गीता राजौरा और आरती त्यागी के वेतन वृद्धि पर रोक लगाने का आदेश जारी किया है। शिक्षामित्र रेखा, सुमन, आरती और उर्मिला का एक-एक दिन का वेतन काटने का निर्देश जारी किया गया है। निलंबित प्रधान अध्यापक और अन्य शिक्षकों से कंपोजिट ग्रांट की खर्च होने वाली राशि का ब्योरा मांगा गया है। ब्योरा न मिलने पर कंपोजिट ग्रांट की राशि की रिकवरी की जाएगी।
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खिचड़ी और दाल चावल ही मिलता था
बेसिक शिक्षा अधिकारी अखंड प्रताप सिंह ने बताया कि शासन के आदेश पर स्कूल एक सितंबर को खुला था। एबीएसए की जांच में पता चला कि बच्चों को स्कूल खुलने से लेकर अब तक दूध और फल नहीं दिया जा रहा था। बच्चों को रोजाना खिचड़ी और दाल-चावल ही खिलाया जा रहा था। बच्चों को मिड-डे-मील के मेन्यू अनुसार ही खाना दिया जाना है। ऐसा न होने पर कार्रवाई की जाएगी।
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